लखनऊ। टोल प्लाजा पर फर्जी नंबरों से वाहनों को पार करवाने का खेल जारी है। एनएचएआई के अफसरों की शह पर टोल कर्मचारी फर्जी परचियां काट रहे हैं। इससे हादसा या अपराध होने पर वाहनों की तलाश करना मुश्किल हो जाएगा। ताजा मामला हरदोई रोड स्थित बल्लीपुर टोल प्लाजा का है।
18 जून की दोपहर 3:30 बजे एक कार लखनऊ के लिए गुजरी। इसकी आगे की नंबर प्लेट क्षतिग्रस्त थी और पीछे भी नंबर प्लेट नहीं थी। बल्लीपुर टोल प्लाजा के कर्मचारी ने वाहन चालक से यूपीआई से भुगतान करने के लिए कहा। परची में टोलकर्मी ने वाहन संख्या 2026 दर्ज कर दी थी। इस टोल प्लाजा का कामकाज ठेकेदार आशीष जायसवाल प्राइवेट लिमिटेड देखता है। वाहन चालक को कुल 112.50 रुपये की टोल परची दी गई, जिसका टिकट नंबर 530936 था। इसमें फास्टैग न होने पर 22.50 रुपये का जुर्माना भी शामिल था।
अफसरों के दावों की खुली पोल
एनएचएआई के अफसर लगातार दावा करते हैं कि टोल पर फर्जी नंबरों से वाहन नहीं गुजरते हैं। भुगतान फास्टैग से होता है और विवरण दर्ज होता है। हालांकि, बल्लीपुर टोल प्लाजा के कर्मचारी ने मनमाने ढंग से वाहन संख्या 2026 फीड की। इससे अफसरों के दावों की पोल खुल गई।
ओवरलोड वाहनों को भी छूट
टोल पर चल रहे इस खेल में जनवरी से मार्च के बीच 6500 से अधिक ओवरलोड वाहन पार करवाए गए। फर्जी नंबर से उन्नाव टोल प्लाजा से पार हुए एक ओवरलोड वाहन के खिलाफ परिवहन विभाग की प्रवर्तन टीम ने सरोजनीनगर थाने में मामला दर्ज कराया था। एनएचएआई के परियोजना निदेशक नकुल प्रकाश वर्मा का कहना है कि बल्लीपुर टोल प्लाजा से गुजरी कार की परची पर फर्जी नंबर होने का मामला संज्ञान में आया है। जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।