रायबरेली। स्वास्थ्य विभाग में तैनात नियमित चिकित्सक मनमानी से बाज नहीं आ रहे हैं। पांच डॉक्टरों की बर्खास्तगी के बाद भी सुधार नहीं आया है। शासन ने अब लगातार गैरहाजिर चल रहे चिकित्सकों की सूची तलब की है। शासन की मंशा पर सीएमओ ने 10 और चिकित्सकों की सूची तैयार कर भेजी है। जल्द ही इन चिकित्सकों की भी सेवाएं समाप्त होंगी।
जिले की सीएचसी और पीएचसी में तैनात चिकित्सक बिना सूचना के ही गैरहाजिर चल रहे हैं। पूर्व में मामला पकड़ में आने के बाद लंबे समय से गैरहाजिर चिकित्सक डॉ. शुभेंद्र मौर्या, डॉ. धीरेंद्र कुमार, डॉ. प्रियंका सोनी, डॉ. संतोष समेत पांच डॉक्टरों को सेवा से बर्खास्त किया गया है। शासन ने काम न करने और और चिकित्सकों के खिलाफ भी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की है। स्थिति यह है कि कागजों पर तो चिकित्सक अस्पतालों में तैनात हैं, लेकिन वे कहीं और निजी अस्पतालों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
शासन से मांगी गई रिपोर्ट पर जिले में 10 और ऐसे चिकित्सक मिले हैं, जो लंबे समय से गैरहाजिर चल रहे हैं। सीएमओ ने डीह के रोखी पीएचसी में तैनात डॉ. अमित कुमार, डलमऊ सीएचसी में तैनात डॉ. अनिल कुमार, हरचंदपुर सीएचसी में तैनात डॉ. अभिषेक सिंह, डॉ. शेखर श्रीवास्तव, खजूरगांव सीएचसी में तैनात डॉ. आदित्य कुमार, लालगंज सीएचसी में तैनात डॉ. कफील अहमद, महराजगंज सीएचसी में तैनात शिव प्रकाश, सरेनी में तैनात डॉ. अलोकित गुप्ता, शिवगढ़ सीएचसी में तैनात डॉ. राजेश कुमार व ऊंचाहार सीएचसी में तैनात डॉ. सुनीता कुमारी का नाम शासन को भेजा है। इसमें डॉ. आदित्य वर्ष 2020 से तो सुनीता व सपना वर्ष 2023 से गैरहाजिर हैं। सीएमओ डॉ. नवीनचंद्रा ने बताया कि 10 चिकित्सकों की सूची शासन को भेजी गई है। कार्रवाई के संबंध में शासन स्तर पर निर्णय लिया जाएगा।