बच्चों को ऐसी गणित पढ़ाएंगे कि वह आगे चलकर कठिन से कठिन सवाल भी अंगुलियों पर हल कर सकें। इसके साथ ही हिन्दी, अंग्रेजी और उर्दू भाषा की ऐसी सीख दी जाएगी कि आगे चलकर भाषा ही उनका सबसे पसंदीदा विषय बने।
अब प्राथमिक विद्यालयों में कक्षा 1-2 में गणित और भाषा विषयों की नींव मजबूत करने के लिए स्कूल के सबसे योग्य शिक्षकों को लगाया जाएगा।
प्राथमिक शिक्षा पर एक सर्वेक्षण रिपोर्ट में सामने आया है कि कक्षा 1 और 2 में बच्चों के प्रति शिक्षकों के व्यवहार, स्कूल में उनका अनुभव, बच्चों को पढ़ाने और सिखाने के तरीके और अध्ययन सामग्री का बच्चों पर लंबे समय तक असर रहता है।