माल। नबीपनाह गांव में शुक्रवार को सेप्टिक टैंक की सफाई करते समय जहरीली गैस से मारे गए राजेश (26) और रिंकू (34) का शव शनिवार दोपहर गांव पहुंचा। इस दौरान पूरा माहौल गमगीन हो गया। परिजनों ने पुलिस की मौजूदगी में दोनों का अंतिम संस्कार किया।
नबीपनाह गांव निवासी राजेश की पत्नी सरोजनी और रिंकू की पत्नी रिंकी ने बताया कि मकान मालिक रमेश सिंह के भतीजे मयंक सिंह ने तीन-तीन लाख रुपये की सहायता राशि दी है। प्रशासन से कोई सहायता नहीं मिली है। नायब तहसीलदार अनिल कुमार ने परिजनों से मुलाकात कर सरकारी सहायता दिलाने का आश्वासन दिया। उपजिलाधिकारी अंकित मौर्य ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पीड़ित परिवारों को सरकारी सहायता राशि दिलाने के लिए शासन को पत्र भेजा जाएगा।
यह है पूरी घटना
नबीपनाह निवासी रमेश सिंह के निर्माणाधीन मकान में यह घटना हुई। शुक्रवार दोपहर तीन बजे 15 फीट गहरे सेप्टिक टैंक में मिट्टी साफ की जा रही थी। पहले राजेश टैंक में उततरे, फिर कोई आहट न मिलने पर रिंकू भी उतर गए। दोनों जहरीली गैस की चपेट में आ गए। राजेश के परिवार में मां श्यामा, पत्नी सरोजनी, दो बच्चे अयांश (7) और परी (6) हैं, जबकि रिंकू के परिवार में मां कांति, पत्नी रिंकी और बेटा कार्तिक (3) है।