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सुना है क्या: 'रस्साकसी और जोर आजमाइश', साथ ही 'बदलाव की बयार और छोटे काम को बड़ा दिखाने का हुनर' के किस्से

Wed, 09 Sep 2026 09:36 AM IST
Bhupendra Singh अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ

सार

यूपी के राजनीतिक गलियारे और प्रशासन में तमाम ऐसे किस्से हैं, जो हैं तो उनके अंदरखाने के... लेकिन, चाहे-अनचाहे बाहर आ ही जाते हैं। ऐसे किस्सों को आप अमर उजाला के "सुना है क्या" सीरीज में पढ़ सकते हैं। तो आइए पढ़ते हैं इस बार क्या है खास...
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सुना है क्या/suna hai kya - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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यूपी के राजनीतिक गलियारे और प्रशासनिक गलियों में आज तीन किस्से काफी चर्चा में रहे। चाहे-अनचाहे आखिर ये बाहर आ ही जाते हैं। इन्हें रोकने की हर कोशिश नाकाम होती है। आज की कड़ी में 'रस्साकसी और जोर आजमाइश' की कहानी। इसके अलावा 'महकमे में बदलाव की बयार' और 'छोटे काम को बड़ा दिखाने का हुनर' के किस्से भी चर्चा में रहे। आगे पढ़ें, नई कानाफूसी...

रस्साकसी और जोर आजमाइश

इन दिनों ताबड़तोड़ विकास की तस्वीर खींचने वाले विभाग में अंदरखाने खींचतान के चर्चे हैं। बताया जा रहा है कि आपसी खींचतान में काम के समीकरण गड़बड़ा रहे हैं। प्लान पीपीटी से बाहर आने में आलस कर रहे हैं। जमीनी हकीकत की तस्वीर धुंधली पड़ते देख नीचे वालों का बीपी हाई है। ऊपर वाले ताबड़तोड़ मीटिंगों में व्यस्त हैं। सुबह-शाम की रिपोर्ट मांगी जा रही है। अब नीचे वालों का कहना है कि आपसी लड़ाई का ठीकरा उनके सिर पर फूट रहा है।

महकमे में बदलाव की बयार

प्रदेश में पढ़ाई-लिखाई वाले एक विभाग में इन दिनों बदलाव की बयार है। बदलाव भी कामकाज में नहीं सिर्फ कार्यालयों में। लंबे समय से कामकाज कर रहे विभाग के कई अधिकारियों के कार्यालय में ही अदला-बदली चल रही है। किसी को यहां तो किसी तो वहां पर भेजा जा रहा है। अच्छा खासा चल रहा विभाग का कामकाम भी इससे खासा प्रभावित है। चर्चा है कि विभाग के ही एक अधिकारी हर कोना बदलने में जुटे हुए हैं। उन पर ऊपर से वरदहस्त भी है। हालांकि इस पूरी कवायद से मातहत काफी परेशान से हैं।

छोटे काम को बड़ा दिखाने का हुनर

सेहत महकमे की एक यूनिट में छोटे काम को बढ़ा दिखाने की प्रतियोगिता चल रही है। ऐस में यहां उन व्यक्तियों पर यूनिट के मुखिया की कृपा बरस रही है, जिनके पास इसका हुनर है। दो दिन पहले इसी यूनिट के एक व्यक्ति को छांटा गया। उसे अपने मातहतों को छोटे काम को बड़ा दिखाने का सलीका सिखाने की जिम्मेदारी दी गई है। जिम्मेदारी लेने वाला इस बात से परेशान है कि वह छोटे काम को बढ़ा दिखाने का हुनर अपने सहकर्मियों को नहीं सिखा पाया तो उसे क्या सजा मिलेगी?

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