प्रदेश का पहला आयुष विश्वविद्यालय राजधानी लखनऊ में बनेगा।
इसके अलावा आयुष कमिश्नर या महानिदेशक का कार्यालय स्थापित किया जाएगा। ये जानकारी आयुर्वेद के निदेशक डॉ. आरआर चौधरी ने दी।
उन्होंने बताया कि प्रदेश के 18 मंडलों में अरोग्य मेले का आयोजन किया जाएगा।
इसके अलावा प्रदेश के आठ आयुर्वेदिक कॉलेजों में योगा एवं नेचुरोपैथी यूनिट की स्थापना करने के साथ जिला स्तरीय चिकित्सालयों में पंचकर्म एवं क्षारसूत्र यूनिट भी स्थापित किए जाने की योजना है।
प्रदेश के आठ आयुर्वेदिक और दो यूनानी कालेजों में केंद्रीय भारतीय चिकित्सा परिषद के मानकों के अनुसार सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
वहीं जहां भूमि की उपलब्धता होगी वहां राजकीय आयुर्वेदिक और यूनानी चिकित्सालयों का निर्माण कराने के साथ परिषद के मानकों के अनुसार कॉलेजों से संबंद्ध चिकित्सालयों में पदों का सृजन कराया जाएगा।