फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नाबालिग को हवालात में डाला तो थानेदार पर अवैध हिरासत का मुकदमा

विज्ञापन
विज्ञापन
कप्तान ने कसे पेंच, नाबालिग को हवालात में डाला तो थानेदार पर होगा अवैध हिरासत का मुकदमा
विज्ञापन

पीजीआई थाने की तेलीबाग चौकी में किशोर को तीन घंटे बंधक बनाकर डंडों से पिटने और बूटों के कुचलने से हुई फजीहत पर भड़के एसएसपी ने मातहतों को सख्त हिदायत दी है।
उन्होंने शनिवार शाम पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक व क्षेत्राधिकारियों को शिविर कार्यालय में तलब किया और बाल अपराध व बाल अपराधियों के संबंध में निर्देश दिए।
विज्ञापन

कहा कि किसी भी नाबालिग के खिलाफ शिकायत मिलते ही क्षेत्राधिकारी को जानकारी दी जाएगी। सात साल से कम के अपराध में नाबालिग के खिलाफ न तो प्राथमिकी होगी, न ही उसे हिरासत में लिया जाएगा।
संगीन अपराध में भी नाबालिग को हवालात में बंद किया तो थानेदार व संबंधित पुलिसकर्मी पर अवैध हिरासत का मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने शहीद रवींद्र सिंह सभागार में पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन से पुलिस अधिकारियों को बाल अपराध के संबंध में प्रक्रिया के बिंदुओं पर जानकारी देने के साथ कहा कि नाबालिग से अपराधियों जैसा व्यवहार बर्दाश्त नहीं होगा।
सात साल से कम की सजा वाले अपराध में सिर्फ रोजनामचा में ब्योरा दर्ज कर नाबालिग के अभिभावक को बताया जाएगा कि उसे किस तारीख को बच्चे को लेकर किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष उपस्थित होना है।
सात साल अधिक की सजा वाले अपराध में थाने के बाल कल्याण अधिकारी व महिला आरक्षी सादे कपड़ों में नाबालिग को हिरासत में ले सकेगी। हालांकि, उसे थाने नहीं विशेष किशोर इकाई ले जाकर तसल्ली से पूछताछ होगी।
अपराध स्वीकार करने के लिए दबाव नहीं बनाया जाएगा। हिरासत में लिए गए नाबालिग को किसी भी सूरत में रात को थाने में नहीं रोकेंगे।
बाल कल्याण अधिकारी उसे बालगृह या आश्रय गृह पहुंचाएंगे और 24 घंटे के भीतर किशोर न्याय बोर्ड के समक्ष पेश करेंगे।
नाबालिग के हित में उसे पकड़ने पर बोर्ड को जानकारी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा कि छोटे या गंभीर अपराध में किशोर का हित देखकर ही उसे पकड़ा जाएगा। इसके साथ उसकी सामाजिक पृष्ठभूमि की जानकारी लेकर किशोर न्याय बोर्ड को जानकारी देंगे। उसके खान-पान, चिकित्सा, दुभाषिया, विशेष शिक्षक व अन्य सुविधा उपलब्ध कराएंगे। पूछताछ के दौरान अभिभावक उपस्थित रहेंगे।
अतिरिक्त प्रभारी निरीक्षक बने बाल कल्याण अधिकारी
नैथानी ने कहा कि सभी थानों के अतिरिक्त प्रभारी निरीक्षक/वरिष्ठ उपनिरीक्षक पदेन बाल कल्याण अधिकारी होंगे। नाबालिग के खिलाफ शिकायत पर वह सादे कपड़ों में जाएंगे। संगीन मामले में नाबालिग को किशोर न्याय बोर्ड ले जाने में भी थाने की लाल-नीली बत्ती व हूटर लगी गाड़ी का इस्तेमाल नहीं होगा। सामान्य नजर आने वाले वाहन से उसे ले जाएंगे। नाबालिग से किसी भी कथन पर हस्ताक्षर नहीं कराए जाएंगे और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से उसे नि:शुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
विज्ञापन

24 घंटे में सभी पुलिसकर्मियों को करें जागरूक
क्षेत्राधिकारियों से रविवार को प्रत्येक थाने पर बैठक कर प्रभारी निरीक्षक से लेकर होमगार्ड तक को बाल अपराध से संबंधित नियमों की जानकारी देने के साथ जागरूक करने को कहा। थाने व चौकी पर पहरा एवं मुंशी की ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को विशेष सक्रिय रहने के आदेश दिए। वह नाबालिग से संबंधित कोई भी मामला आने पर क्षेत्राधिकारी को तुरंत बताएंगे। किसी व्यक्ति द्वारा नाबालिग को पकड़कर लाए जाने पर बालकल्याण अधिकारी सादे कपड़ों में उसे अभिरक्षा में लेकर बालगृह अथवा अभिभावक के पास पहुंचाएंगे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें