उनका कहना था कि राजभर के बयान से जाति विशेष के लोग खुद को अपमानित महसूस कर रहे हैं। अगर इसके लिए उन्होंने माफी नहीं मांगी तो यह आंदोलन आगे भी जारी रहेगा। मंत्री के आवास पर सपाई हंगामा करते रहे, लेकिन कोई भी सुरक्षाकर्मी उन्हें रोकने नहीं आया।
नशा लोग करते हैं, जाति नहीं
वहीं, मुख्यमंत्री अखिलेश ने ट्वीट किया कि केवल शराब ही क्यों, गांजा-चिलम, ताड़ी, तंबाकू, चरस, अफीम की पुड़िया और अहंकार के खिलाफ भी आंदोलन होने चाहिए... ये नशे भी तो आजकल खूब चल रहे हैं...नशा लोग करते हैं जाति नहीं।