सपा-कांग्रेस गठबंधन के खिलाफ पार्टी संस्थापक मुलायम सिंह यादव के रुख से चुनाव में नुकसान न होने देने के लिए समाजवादी पार्टी ने खास प्लान तैयार किया है। सभी प्रदेश स्तरीय नेताओं को एक-दो जिलों की जिम्मेदारी दी गई है। वे लोगों के बीच जाकर उन्हें समझाएंगे कि पार्टी की नीतियों में कोई बदलाव नहीं हुआ है।
उनके लिए तो नेताजी (मुलायम सिंह यादव) एक विचार हैं और उनके दिखाए रास्ते से दूर जाने का सवाल ही नहीं पैदा होता। सपा के प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम सोमवार को अपने खास रणनीतिकारों के साथ प्रचार में जाने वाले नेताओं की सूची तैयार कर रहे हैं। पार्टी सूत्रों के मुताबिक प्रत्येक प्रदेश स्तरीय नेता को अपने जिले की मुख्य रूप से जिम्मेदारी दी गई है।
कुछ नेताओं को दो जिलों की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। यहां बता दें कि रविवार को मुलायम ने दिल्ली में कांग्रेस और सपा के गठबंधन को गैरजरूरी बताते हुए कहा था कि वे इसके पक्ष में चुनाव प्रचार नहीं करेंगे।
इस पर उत्तम ने माना कि उन्होंने सोमवार को सभी प्रदेश स्तरीय नेताओं को जिलों में प्रचार की कमान संभालने की जिम्मेदारी दी है। साथ ही, यह भी कहा कि उनके इस काम को सपा संस्थापक के किसी बयान से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।