कैंट इलाके के ज्यादातर मोहल्ले अनियोजित स्तर पर विकसित होने के कारण विधानसभा क्षेत्र के अधिकांश इलाके सीवर लाइन विहीन हैं। इसके चलते जलभराव की समस्या पूरे साल रहती है। ज्यादातर इलाकों में दूषित पेयजल सप्लाई के साथ सड़कों व गलियों की स्थिति में बदहाल व गड्ढायुक्त रहती हैं। क्षेत्र को जलभराव की बड़ी समस्या से राहत दिलाने को प्रस्तावित गहरे नाले की खुदाई का कार्य भी बस कुछ चिह्नित स्थानों में पूरा होने के बाद अटका है।
आलमबाग चौराहा से नटखेड़ा रोड होते हुए मुस्लिम नगर पहुंचने वाली सड़क हो या जयप्रकाश नगर, प्रेम नगर, सिंगार नगर की सड़कें, सभी में गहरे गड्ढे कभी भी देखे जा सकते हैं। क्षेत्र के अधिकांश इलाकों में सफाई की व्यवस्था भी नियमित कार्य न होने के कारण भगवान भरोसे रहती है। वीआईपी रोड पर बंद पड़े नाले को खुलवाने का कार्य अभी तक अधूरा है।
कैंट विधानसभा सीट के उपचुनाव के लिए कांग्रेस व बसपा ने अपने प्रत्याशियों के नाम का खुलासा कर दिया है लेकिन भाजपा व समाजवादी पार्टी के प्रत्याशियों के नाम पर कयासबाजी जारी है। कांग्रेस ने उपचुनाव में कार्य समिति सदस्य व क्षेत्रीय स्तर पर लगातार सक्रिय रहे दिलप्रीत सिंह (डीपी) और बसपा ने वरिष्ठ कार्यकर्ता अरुण द्विवेदी को चुनाव मैदान में उतारने का एलान कर दिया है।
एक नजर में : कैंट विधान सभा
- कुल मतदाता 385341
- पुरुष मतदाता 209870
- महिला मतदाता 175447
- तृतीय लिंग 24
- मतदान केंद्र 344
- जेंडर रेशियो प्रति एक हजार पुरुष 836 महिला
- सर्विस वोटर 428
- ईपी रेशियो (इलेक्टेड पापुलेशन) प्रति सौ में 63.90