लखनऊ। इंदिरानगर के पॉलीटेक्निक चौराहे से इंदिरानहर तक करीब 2020 करोड़ रुपये की लागत से छह लेन की एलिवेटेड रोड बनाने के लिए मिट्टी की जांच शुरू हो गई है। जांच का जिम्मा एलडीए ने एक एजेंसी को दिया है। हालांकि, लगभग 10 किमी लंबे एलिवेटेड रोड को बनाने की जिम्मेदारी सेतु निगम को मिलेगी।
जांच एजेंसी ने महिला पॉलीटेक्निक, इस्माइलगंज व कमता के पास शिविर बनाए हैं। रिपोर्ट सकारात्मक आने के बाद ही एलिवेटेड रोड को बनाने के लिए अगले चरण की कवायद शुरू होगी। एलिवेटेड रोड के सर्वे, डिजाइन सहित अन्य काम की जिम्मेदारी संयुक्त रूप से लोक निर्माण विभाग, एलडीए व सेतु निगम को सौंपी गई है, मगर निर्माण का कार्य सिर्फ सेतु निगम ही करेगा। एलडीए के एक अफसर ने बताया कि एलिवेटेड रोड को इंदिरानहर के पास ऑउटर रिंग रोड किसान पथ से जोड़ेंगे। अयोध्या रोड पर लगने वाले जाम का हल निकालने के लिए हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को आदेश दिया था। इसी आदेश के क्रम में एलिवेटेड रोड बनाई जा रही है।
बेहतर होगी कनेक्टिविटी, बचेगा समय
छह लेन के एलिवेटेड रोड अनुमानित 20 लाख आबादी के लिए बेहतर कनेक्टिविटी वाला साबित होगा। इसके बनने से गोरखपुर, अयोध्या आदि रूट से वाया लखनऊ होकर दिल्ली तक जाने वाले वाहनों की गति पर ब्रेक नहीं लगेगा। रोड के किसान पथ से कनेक्ट होने पर आजमगढ़, सुल्तानपुर, वाराणसी का सफर भी सुगम होगा।