शनिवार शाम को हुई कैबिनेट की बैठक में किसानों के लिए फैसला लिया गया। इसके तहत समर्थन मूल्य योजना के अंतर्गत प्रदेश में पहली अप्रैल से किसानों से गेहूं खरीद शुरू होगी। विपणन वर्ष 2019-20 के लिए इस फैसले को मंजूरी दे दी गई। योजना के तहत पूरे प्रदेश में छह हजार गेहूं क्रय केंद्र खोले जाएंगे, जो 15 जून तक गेहूं की खरीद करेंगे। किसानों को भुगतान उनके खाते में 72 घंटे के अंदर दे दिया जाएगा।
ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा एवं चिकित्सा स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने बताया कि केंद्र स्रकार द्वारा घोषित गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य एक हजार 840 रुपये प्रतिकुंतल की दर से किया जाएगा। इस बार राज्य सरकार ने प्रदेश में 50 लाख टन गेहूं खरीदने का लक्ष्य रखा है लेकिन अगर केंद्रों पर अधिक आवक होती है, तो तय लक्ष्य से अधिक गेहूं की भी खरीद की जा सकेगी उन्होंने कहा कि क्रय केंद्र सुबह नौ बजे से शाम छह बजे तक खुले रहेंगे। इसमें स्थानीय परिस्थियों के मद्देनजर वहां के डीएम केंद्र के खुलने व बंद होने के समय में बदलाव कर सकते हैं।