लखनऊ। एससी-एसटी एक्ट का दुरुपयोग कर झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने वाले राज मिस्त्री मैकूलाल को एससी एसटी एक्ट के विशेष न्यायाधीश विवेकानंद शरण त्रिपाठी ने छह माह कैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने कहा कि उसने विपक्षियों को ऐसे अपराध के लिए आरोपित किया, जिसमें उन्हें पांच वर्ष तक की सजा का प्रावधान है।
कोर्ट ने कहा, झूठा केस दर्ज कराने वाले को कठोर सजा नहीं दी गई तो अनेक लोग इस एक्ट का दुरुपयोग करते रहेंगे। कभी चतुर शिकारी भी खुद अपने जाल में फंस जाता है। ऐसा ही मैकूलाल के साथ हुआ। इसका मूल्यांकन इस तथ्य से किया जाता है कि संसद ने झूठी रिपोर्ट दर्ज करने के मामले में सजा और जुर्माने को बढ़ा दिया है।