भाई के कहने पर युवक ने एक परिचित के साथ मिलकर विवाहिता की हत्या कर दी। उसका शव अंटा तिराहे के निकट तेंदुआ मार्ग किनारे जंगल में फेंक दिया। मृतक के पिता की तहरीर पर मल्हीपुर पुलिस गुमशुदगी दर्ज कर तलाश कर रही थी। मामले में पुलिस ने मृतक के देवर को गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
बहराइच के थाना रुपईडीहा के मधुबन गांव निवासी मोहम्मद रफीक ने अपनी पुत्री साफिया (25) का विवाह आठ वर्ष पूर्व मल्हीपुर थाना क्षेत्र के रामपुर जब्दी निवासी अब्दुल करीम से किया था। साफिया का आठ साल का एक बेटा अर्श भी है। इस समय अब्दुल करीम सऊदी अरब में है। साफिया 30 मार्च को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई थी। इस मामले में मोहम्मद रफीक ने मल्हीपुर थाने में अपनी पुत्री की गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
पुलिस ने छानबीन के दौरान साफिया के चचेरे देवर कासिम पुत्र गफ्फार को गिरफ्तार किया। कड़ाई से पूछताछ करने पर कासिम ने बताया कि उसने बहराइच के थाना मटेरा क्षेत्र के शंकरपुर निवासी अपने परिचित आमिर के साथ दवा कराने के बहाने साफिया को भिनगा लाया था। वहां से वापस ले जाने के बहाने जंगल में ले जाकर उसकी हत्या कर शव को फेंक दिया। कासिम की निशानदेही पर पुलिस ने जंगल से शव बरामद कर लिया बाद में उसे पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। मामले में मोहम्मद रफीक ने आमिर व कासिम के विरुद्ध हत्या का आरोप लगाते हुए तहरीर दी है।
तो दूसरा विवाह करना चाहता था अब्दुल करीम
मृतक साफिया की मां नाजमा का आरोप है कि अब्दुल करीम साफिया को पसंद नहीं करता था। वह दूसरा निकाह करना चाहता था। इसलिए उसने पांच लाख रुपये देकर अपने चचेरे भाई कासिम को उसकी हत्या करने की जिम्मेदारी सौंपी थी। कासिम ने आमिर के साथ मिल कर उसकी पुत्री की हत्या कर दी।