प्रशासनिक अधिकारी को अनैतिक आचरण में गोली मारने का शक
हसनगंज पुलिस ने कबीर मठ के एक युवक समेत तीन संदिग्धों को पूछताछ के लिए पकड़ा
लखनऊ। हसनगंज के सीतापुर रोड डालीगंज स्थित कबीर मठ के प्रशासनिक अधिकारी धीरेंद्र दास पर जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने मठ में रहने वाले एक युवक समेत तीन लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। शुरुआती पड़ताल में पुलिस वारदात के पीछे मठ के भीतर प्रशासनिक अधिकारी द्वारा संचालित अनैतिक आचरण को वजह मान रही है। अधिकारियों का कहना है कि धीरेंद्र दास पर कई गंभीर आरोप हैं और तीन साल पहले एक छात्र ने उनके खिलाफ हसनगंज कोतवाली में एफआईआर भी दर्ज कराई थी।
पुलिस अफसरों के अनुसार, पकड़े गए लोगों से कई अहम जानकारियां मिली हैं। हमले में शामिल बदमाश फिलहाल शहर से भागे हुए हैं। उन्हें पकड़ने के लिए पुलिस की एक टीम पड़ोसी जनपद रवाना की गई है। प्रशासनिक अधिकारी पर हमले में शामिल तीन युवक कार से आए थे। पुलिस ने मठ व आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से कार की पहचान कर उसके चालक को पकड़ लिया है। चालक से पूछताछ के बाद मठ के एक युवक समेत दो और लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई तो कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आईं। मठ से पकड़े गए युवक ने बताया कि प्रशासनिक अधिकारी आठ साल से उसका शोषण कर रहे थे। उनके खिलाफ कई अन्य शिकायतें भी हैं। वर्ष 2016 में एक छात्र ने भी प्रशासनिक अधिकारी पर शोषण का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ हसनगंज कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराई थी।
मालूम हो कि सोमवार सुबह करीब नौ बजे कबीर मठ का बारातघर बुक कराने के बहाने आए तीन बदमाशों ने प्रशासनिक अधिकारी 65 वर्षीय धीरेंद्र दास को गोलियां मार दी थीं और पीछे के रास्ते से भाग गए थे। फिलहाल वह केजीएमयू के ट्रामा सेंटर में वेंटीलेटर पर भर्ती हैं।