लखीमपुर जनपद के विद्युत वितरण खंड गोला में बिजली बिलों की रकम में हेराफेरी करके बड़ा घोटाला उजागर हुआ है। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम ने इस घोटाले की रेंडम जांच रिपोर्ट पर अधिशासी अभियंता (एक्सईएन), उपखंड अधिकारी (एसडीओ), लेखाकार एवं लिपिक पर कार्रवाई की है।
इनमें लिपिक, लेखाकार को निलंबित एवं एक्सईएन, एसडीओ को सर्किल से हटा दिया गया है। पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने के लिए कमेटी का गठन किया जा रहा है।
मध्यांचल निगम की प्रवक्ता शालिनी यादव के मुताबिक प्रबंध निदेशक संजय गोयल ने बुधवार को विद्युत वितरण खंड गोला के उपभोक्ताओं के बिल की रकम में हेराफेरी करके राजस्व की चपत लगाने की गोपनीय शिकायत पर फौरी जांच कराई गई।
इस जांच में शिकायत सही पाई गई, जिसमें लिपिक रामपाल, लेखाकार श्रीपाल ने कटे बिजली कनेक्शन के बिल की रकम को मनमाने तरीके से कम कर दिया गया। जिसके कारण रामपाल एवं श्रीपाल को निलंबित करके जोन में संबद्ध किया गया है।
जबकि अधिशासी अभियंता उमेश चंद्र सोनकर एवं एसडीओ धर्मेंद्र यादव को तत्काल प्रभाव से हटाकर दूसरे सर्किल में अटैच किया। वहीं जब तक उच्च स्तरीय कमेटी प्रकरण की जांच करेगी, तब उमेश चंद्र सोनकर एवं धर्मेंद्र यादव की संवेदनशील पदों पर तैनाती नहीं की जाएगी।