उप-मुख्यमंत्री डॉ दिनेश शर्मा के निर्देश पर माध्यमिक शिक्षा विभाग द्वारा इससे पहले छात्रों व अभिभावकों के हित में यह भी निर्देश जारी किया गया था कि कोरोना वायरस के संक्रमण के कारण आपदा की अवधि में विद्यालयों द्वारा मासिक आधार पर शुल्क लिया जाए।
किसी छात्र या अभिभावक को 03 माह की अग्रिम शुल्क जमा करने के लिए बाध्य नहीं किया जाए। विद्यालय द्वारा चलाई जा रही ऑनलाइन पढ़ाई में किसी विद्यार्थी को वंचित न किया जाए और न ही शुल्क जमा न किए जाने के कारण किसी विद्यार्थी का नाम काटा जाए।
विभाग द्वारा जारी किए गए आदेश का अनुपालन किए जाने में शिथिलता बरते जाने पर उत्तर प्रदेश स्ववित्त पोषित स्वतंत्र विद्यालय (शुल्क निर्धारण) अधिनियम–2018 के अंतर्गत गठित जिला शुल्क नियामक समिति के समक्ष छात्रों और अभिभावकों द्वारा शिकायत प्रस्तुत की जा सकती है।