घटना वाले दिन भी घर पहुंची पुलिस ने मुझे और मेरे बड़े भाई राहुल के अलावा मां नीलम शुक्ला, पत्नी स्नेहा शुक्ला और भाभी शिखा शुक्ला के अलावा सूचना पर पहुंचे चाचा ओमप्रकाश व चाची के साथ भी गालीगलौज व मारपीट की थी। बाद में मुझे, मेरे बड़े भाई और पिता को रात तीन बजे थाने ले जाया गया, जहां पिता से 13 लाख रुपये देने के साथ ही लूटकांड में संलिप्तता स्वीकार करने का दबाव बनाया गया। इस दौरान मारपीट करने के बाद पुलिस ने उसके पिता को मार डाला। अब पुलिस अपना दामन बचाने के लिए उनके पिता को लूटकांड का मास्टर माइंड बताकर बदनाम कर रही है।
घटना की हो सीबीआई जांच
साहिल ने कहा कि उसे अमेठी पुलिस की जांच पर तनिक भी भरोसा नहीं है। मामले की जांच सीबीआई से कराई जाए और दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ बर्खास्तगी की कार्रवाई की जाए। उसके परिवार की ओर से इस संबंध में मांग पत्र शासन को भेजा जा चुका है। यदि शासन ने उसके परिवार की मांगें नहीं मानीं तो वे धरना-प्रदर्शन करने को विवश होंगे।
सत्य प्रकाश के मित्र जाकिर अली उर्फ गुड्डू के बयान का एक वीडियो बृहस्पतिवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। इसमें जाकिर हू-ब-हू वही बातें कहता सुनाई पड़ रहा है जो एसपी ने बुधवार शाम आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में मीडिया को बताया था।
खुलासे पर सवाल गलत
एसपी डॉ. ख्याति गर्ग ने पुलिस के खुलासे को बिल्कुल सही बताया है। कहा कि पूरा खुलासा छानबीन में प्राप्त तथ्यों के आधार पर किया गया है। साजन शुक्ल ही 26 लाख रुपये लूट की घटना का मास्टर माइंड था। साजन के परिवारीजनों के अमेठी पुलिस पर अविश्वास की बात पर एसपी ने कहा कि वे लिखित दें, जहां से चाहें वहां से जांच करा दी जाएगी।
पुलिस ने शुरू की जांच
एसपी डॉ. ख्याति गर्ग ने कहा कि मृत व्यवसायी के छोटे भाई की तहरीर पर कोतवाली नगर सुल्तानपुर में 15 पुलिस कर्मियों के खिलाफ दर्ज हत्या के मामले की जांच संग्रामपुर पुलिस को दी गई है। पुलिस ने बुधवार से ही मामले की जांच शुरू कर दी है।