प्रदेश के शहरी व ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वालों को समाजवादी पेंशन
योजना का लाभ अप्रैल 2014 से मिलेगा।
इस योजना के पात्रों को प्रति माह 500
रुपये मिलेगा और इसमें हर साल 50 रुपये की वृद्धि होगी, लेकिन कुल पेंशन
750 से अधिक नहीं होगी।
मुख्य सचिव जावेद उस्मानी ने इस संबंध में आदेश
जारी करते हुए मंडलायुक्तों और जिलाधिकारियों को नए वित्तीय वर्ष 2014-15
से इसे लागू करने की तैयारियां शुरू करने का निर्देश दिया है।
राज्य
सरकार ने प्रदेश के उन गरीबों के लिए जो किसी भी योजना का लाभ नहीं पा रहे
हैं, समाजवादी पेंशन योजना शुरू करने का निर्णय किया है। इसके शुरू होते
ही रानी लक्ष्मीबाई पेंशन योजना बंद हो जाएगी।
इस योजना में अनुसूचित जाति,
जनजाति के 12 लाख, अल्पसंख्यक वर्ग के 10 लाख तथा सामान्य व अन्य पिछड़ा
वर्ग के 18 लाख गरीबों को लाभ देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
इस
योजना का लाभ ऐसे गरीब परिवारों को दिया जाएगा जिनके पास आय के उपयुक्त
साधन नहीं हैं। चयन और वार्षिक सत्यापन के समय यदि परिवार का कोई सदस्य
विधवा, विकलांग व वृद्धावस्था पेंशन तथा बेरोजगारी भत्ते का लाभ पा रहा हो
तो उसे समाजवादी पेंशन नहीं दी जाएगी।
मुख्य
सचिव की ओर से मंडलायुक्ताओं व जिलाधिकारियों को भेजे निर्देश में कहा गया
है कि इस योजना के लिए रानी लक्ष्मीबाई पेंशन योजना का लाभ पाने वालों को
वरीयता दी जाएगी।
पेंशन पाने के लिए लाभार्थी को 6 से 14 वर्ष तक के बच्चों
का सरकारी स्कूलों में नाम लिखाना होगा। स्कूलों में बच्चों की 70 प्रतिशत
उपस्थिति अनिवार्य होगी।