शाही ने मौके पर मौजूद मिनिस्टीरियल एसोसिएशन के अध्यक्ष एसपी त्रिपाठी से कहा कि पिछली बार भी कर्मचारी गैरहाजिर मिले थे, तब आपने आश्वासन दिया था कि भविष्य में ऐसा नहीं होगा। इस पर उनकी अनुपस्थिति को छुट्टी मान लिया गया था। त्रिपाठी के यह कहने पर मेट्रो के कारण जाम लगा रहता है, इसलिए कर्मचारी समय पर नहीं आ पाते।
शाही ने दो टूक कहा कि अगर जाम लगता है तो कर्मचारियों को घर से पहले निकलना चाहिए। शाही ने उत्पादकता कम होने पर त्रिसुंडी के प्रक्षेत्र अधीक्षक रणवीर सिंह के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए।
शाही बोले, विभाग को सुधारने का लिया संकल्प
शाही से यह पूछे जाने पर कि कृषि विभाग में देर से आने या बिना बताए गायब रहने का सिलसिला क्यों नहीं थम रहा है। क्या इसे निदेशक की असफलता माना जाए। इस पर शाही ने कहा कि स्थिति में धीरे-धीरे सुधार आ रहा है।
पहली बार जब छापा मारा था, तब करीब 50 फीसदी कर्मचारी अनुपस्थित मिले थे। इस बार 19 फीसदी कर्मचारी ही अनुपस्थित मिले। मौके पर मौजूद निदेशक सोराज सिंह ने कहा कि देखते रहिए, अनुपस्थिति को आदत में शामिल कर चुके कर्मचारियों को बख्शा नहीं जाएगा।
कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही
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शाही ने जब मुआयना किया, कृषि भवन में इधर-उधर पान और तम्बाकू की पीक पड़ी थीं। इस पर कृषि मंत्री ने कहा कि थूकने वाले व्यक्ति से तत्काल 500 रुपये का जुर्माना वसूला जाए। अगर किसी अनुभाग में कोई कर्मचारी चुपचाप थूककर निकल लेता है और पकड़ में नहीं आता तो उस अनुभाग के प्रशासनिक अधिकारी से जुर्माना वसूला जाए।