लखनऊ। हर कोई अपनी शादी को यादगार बनाना चाहता है। ऐसे में न सिर्फ वर और कन्या पक्ष, बल्कि बरातियों का भी खास ख्याल रखा जा रहा है। बरात में नाचना अपने आप में लाेकप्रिय शौक है। ऐसे में इस मौके को उल्लासमय बनाने के लिए अब बरातों में डीजे की खूब मांग हो रही है। खासकर शार्पी लाइट से सजे ट्रॉली डीजे पर थिरकना अलग अनुभव देता है। बरात के अलावा हल्दी जैसी रस्मों में भी ढोल का क्रेज बरकरार है।
एक जमाना था, जब ब्रासबैंड ही बरातों की शान हुआ करता था, लेकिन बदलते जमाने के साथ पहले फ्लोर डीजे आया। इसका क्रेज छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों में अब भी बना हुआ है। इसके बाद डीजे और फिर शार्पी लाइट वाले ट्रॉली डीजे का जमाना आया। अगर फ्लोर डीजे की बात करें तो इसकी कीमत दस हजार से शुरू होती है। वहीं, डीजे बैंड की शुरुआत 30 हजार से होती है, जिसमें शार्पी लाइट के साथ क्रेन वाला डीजे सिस्टम लगा होता है। इसमे रिकॉर्डेड गाने बजते हैं। आजकल तो इसे ऑपरेट करने वाले प्रोफेशनल लोगों की भी मांग रहती है।
आलमबाग निवासी सुपरस्टार बैंड के मालिक अमान बताते हैं कि बैंड, डीजे, ढोल, शहनाई, लाइटिंग का पूरा पैकेज लोग पसंद कर रहे हैं। ग्राहकों की मांग बढ़ने के साथ ही दाम भी बढ़ते जाते हैं। बताया कि डीजे के साथ शार्पी लाइट बरात में क्लब जैसा अहसास कराती है। यह लाइट गोल-गोल घूमती है।
बादशाहनगर में महाराजा बैंड के मालिक धर्मेंद्र ने बताया कि शार्पी लाइट के साथ डीजे की शुरुआत 50 हजार रुपये से होती है और यह एक लाख तक जाती है, जिसमें रोड लाइट भी शामिल रहती है। ट्रॉली वाले सामान्य डीजे की शुरुआत 25 हजार से हो जाती है। उन्होंने बताया कि शहर में शौकीनों की कमी नहीं है। ब्रास बैंड की शुरुआत 30-35 हजार में होती है। वहीं बैंड, डीजे, रोड लाइट और ढोल वगैरह मिलाकर पूरा पैकेज 50 हजार से शुरू हाे जाता है।
पंजाबी ढोल बनाता है माहौल, थिरकने लगते हैं पांव
बरातों में पंजाबी ढोल की भी खूब मांग रहती है। हालांकि, अब सगाई से लेकर हल्दी, तिलकोत्सव और रिसेप्शन तक में पंजाबी ढाेल सभी की पसंद बन गया है। व्यवसायी धर्मेंद्र के अनुसार, हमारे यहां दो पंजाबी ढोल की कीमत 2100 रुपये है। वहीं, अमान बताते हैं कि उनके यहां तीन हजार रुपये से ढोल की शुरुआत हो जाती है जो करीब पांच घंटे के लिए बुक होते हैं। ढोल बजाने वालों की पोशाक से लेकर इसकी क्वालिटी तक लोग परखते हैं।