मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के रोजा इफ्तार में रविवार को मुस्लिम धर्मगुरुओं समेत रोजेदारों की भारी भीड़ उमड़ी। इस मौके पर मुल्क में अमन चैन के लिए दुआ मांगी गई।
रोजा इफ्तार में राज्यपाल बीएल जोशी और सपा मुखिया मुलायम सिंह यादव खासतौर पर मौजूद रहे। टीले वाली मस्जिद के इमाम मौलाना फजलुर्रहमान वायजी ने नमाज अदा कराई।
रोजा इफ्तार पार्टी में मुस्लिम उलमा, सज्जादानशीन, मंत्री, अधिकारी और विधायकों समेत हजारों लोगों ने शिरकत की।
मंत्रियों में शिवपाल सिंह यादव, अहमद हसन, बलराम यादव, राजेंद्र चौधरी, रामगोविंद चौधरी, ओमप्रकाश सिंह, दुर्गा प्रसाद यादव, अरविंद सिंह गोप, शाहिद मंजूर, कमाल अख्तर, वसीम अहमद, नरेन्द्र सिंह यादव, नरेन्द्र वर्मा, पार्टी सचिव एसआरएस यादव और अपर महाधिवक्ता जफरयाब जिलानी ने भी रोजा इफ्तार पार्टी में भाग लिया।
सीएम का आभार जताएं मुसलमान: हसन
प्रदेश के चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री अहमद हसन ने इस मौके पर कहा कि मुख्यमंत्री ने ग्रेटर नोएडा में निर्माणाधीन मस्जिद की दीवार गिराने वाली एसडीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को निलंबित किया।
प्रदेश के मुसलमानों को उनका आभार जताना चाहिए। अपनी तकरीर में उन्होंने मुलायम सिंह की रहनुमाई में सपा सरकारों में मुस्लिमों के हित में किए गए कामों का उल्लेख किया।
शिया उलमा ने किया इफ्तार का बहिष्कार
पुराने लखनऊ में 21वीं रमजान को जुलूस पर हुए हमले और शिया समुदाय पर पुलिस की ओर से की जा रही कार्रवाई से नाराज शिया उलमा ने मुख्यमंत्री के रोजा इफ्तार का बहिष्कार किया है।
मौलाना कल्बे जव्वाद समेत शहर के सभी शिया उलमा इस रोजा इफ्तार में नहीं पहुंचे। जिसमें मुख्य रूप से मौलाना हमीदउल हसन, मौलाना आगारूही, मौलाना यासूब अब्बास, मौलाना सैफ अब्बास प्रमुख रहे।