उफनाई गोमती, सोसाइटी के आसपास भरा पानी।
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अफवाहों से बचें, आधिकारिक सूचना पर भरोसा
उन्होंने स्पष्ट किया कि इसका उद्देश्य किसी तरह की दहशत फैलाना नहीं, बल्कि संभावित जोखिम को देखते हुए समय रहते प्रशासन का ध्यान आकर्षित करना है। निवासियों से अपील की है कि वे जलस्तर को लेकर किसी भी अफवाह पर भरोसा न करें। प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग और अन्य अधिकृत एजेंसियों की ओर से जारी सूचनाओं को ही सही मानें।
सब-स्टेशन की सुरक्षा सबसे अहम
गोमती का जलस्तर बढ़ने की स्थिति में सोसाइटी की विद्युत व्यवस्था भी प्रभावित हो सकती है। उन्होंने विद्युत विभाग से सब-स्टेशन और विद्युत उपकरणों की सुरक्षा व्यवस्था की तत्काल समीक्षा करने की मांग की है। जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक बिजली व्यवस्था की तैयारी रखने की भी अपील की है।
ये इंतजाम पहले से करने की रखी मांग
- गोमती के जलस्तर की लगातार निगरानी
- सोसाइटी के आसपास जलभराव वाले स्थानों का निरीक्षण
- पंप और जनरेटर की व्यवस्था
- राहत एवं बचाव उपकरण तैयार रखना
- आपदा प्रबंधन टीम के संपर्क नंबर उपलब्ध कराना
- जरूरत पड़ने पर निकासी और बचाव की योजना लागू करना