लखनऊ में लगातार बिजली कटौती को लेकर हो रहा हंगामा।
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लखनऊ के अहिबरनपुर उपकेंद्र के तहत आने वाले इलाकों के करीब 10 हजार उपभोक्ताओं ने 31 मई की रात नौ बजे से देर रात दो बजे तक बिजली संकट झेला। इन पांच घंटों के दौरान रात 12 से दो बजे के बीच तीन बार उपकेंद्र का घेराव और उसके सामने की सड़क को जाम किया गया।
पुलिस ने लाठी फटकारी तो आक्रोशित प्रदर्शनकारी उनसे भी भिड़ गए। इस पर और फोर्स को बुलाकर जाम खुलवाया गया। हालांकि, प्रदर्शनकारी तब तक उपकेंद्र पर डटे रहे, जब तक बिजली चालू नहीं हो गई। वहीं, कर्मचारियों के उपकेंद्र से भाग जाने पर मुख्य अभियंता वीपी सिंह रात 1:30 बजे प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचे। रात दो बजे बिजली चालू होने तक वे उनके बीच ही रहे। हालांकि, उपभोक्ताओं ने रविवार शाम छह बजे तक बिजली की आवाजाही झेली।
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महिला गिड़गिड़ाई- बच्चा बीमार है चालू कर दो बिजली
रात करीब 12:30 बजे उपकेंद्र पर पहुंची एक महिला गिड़गिड़ाने लगी कि बच्चा बीमार है। उसे अभी अस्पताल से लेकर आए हैं। आप त्रिवेणीनगर की बिजली चालू कर दो। इस पर खदरा की बिजली को बंद कर त्रिवेणीनगर की सप्लाई चालू कर दी गई।
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एक्सईएन ने मुख्य अभियंता को दिया झांसा
अहिबरनपुर उपकेंद्र से बिजली आपूर्ति ध्वस्त होते ही एक्सईएन सुशील कुमार ने उपभोक्ताओं की कॉल रिसीव करना बंद कर दिया। मुख्य अभिंयता वीपी सिंह ने एक्सईएन से लोकेशन के बारे में सवाल किया तो जवाब दिया कि वह उपकेंद्र पर उपभोक्ताओं के बीच हैं। हालांकि, एक्सईएन उपकेंद्र पर नहीं था। इसकी पोल तब खुली जब उपभोक्ताओं ने इसकी शिकायत की।