चिकित्सा स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह
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प्रदेश में डॉक्टरों की बहुत कमी है। इसे देखते हुए डॉक्टरों की सेवानिवृत्ति आयु 70 वर्ष करने का प्रस्ताव कैबिनेट के सामने रखा जाएगा। साथ ही प्रावधान किया जाएगा कि चिकित्सक 62 साल की सेवा पूरी करने के बाद स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (वीआरएस) ले सकते हैं।
चिकित्सा स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने गुरुवार को यह बात आईआईएम रोड स्थित डूडा कॉलोनी में संत रविदास नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (अर्बन पीएचसी) के लोकार्पण के मौके पर कही।
सिद्धार्थनाथ ने कहा कि हम और चिकित्सालय खोलना चाहते हैं लेकिन केवल ढांचा नहीं खड़ा करना चाहते। इसलिए डॉक्टरों की कमी भी दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि अस्पतालों में दवाओं की कमी है तो इसकी लिखित सूचना दें। इसे दूर किया जाएगा।
लखनऊ की दो अन्य अर्बन पीएचसी को टेलीमेडिसिन से जोड़ा जाएगा। जैसे-जैसे जगह मिलती जाएगी, अस्पतालों का निर्माण होता जाएगा। उन्होंने कहा कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्वास्थ्य विभाग की रीढ़ की हड्डी हैं। इसलिए इन पर ध्यान देना बहुत जरूरी है।
क्षेत्रीय विधायक डॉ. नीरज बोरा ने स्वास्थ्य मंत्री से अलीगंज के नगरीय स्वास्थ्य केंद्र को वृहद अस्पताल और जानकीपुरम में ट्रॉमा सेंटर का निर्माण जल्द कराने का अनुरोध किया। इस मौके पर महानिदेशक परिवार कल्याण डॉ. नीना गुप्ता, सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल मौजूद थे।
अर्बन पीएचसी में मिलेंगी ये सुविधाएं
इस पीएचसी से लगभग 60 हजार की आबादी को ओपीडी, गर्भवती महिलाओं की जांच, खून की सामान्य जांचें, गंभीर मरीजों को रेफर करने, गैरसंचारी रोगों के इलाज और बचाव की जानकारी की सुविधाएं मिलेंगी। नियमित टीकाकरण के साथ ही माह में एक बार मलिन बस्तियों में स्वास्थ्य शिविर भी लगाया जाएगा। स्वास्थ्य केंद्र के लिए भवन डूडा ने उपलब्ध कराया है।