अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की स्मारिका का विमोचन करते राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. कुंवर हरिवंश सिंह,
लखनऊ। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में रविवार को अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा की प्रतिनिधि सभा का अधिवेशन हुआ, जिसमें उत्तर प्रदेश के सभी जिलों समेत अन्य प्रदेशों के भी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की मौजूदगी रही। अधिवेशन में समाज के उत्थान का संकल्प लिया गया। इस दौरान संगठन की भावी दिशा, सामाजिक सरोकारों, राष्ट्रहित के साथ संगठनात्मक सुदृढ़ीकरण जैसे विषयों पर विचार-विमर्श हुआ।
इस दौरान परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने कहा कि क्षत्रियों ने हमेशा देश के स्वाभिमान की रक्षा की है। क्षत्रिय समाज संगठन को मजबूत करने के साथ ही देश को भी मजबूत करने के लिए आगे आए। उन्होंने कहा कि मेरे बुरे वक्त में भी संगठन ने मेरा हमेशा साथ दिया। कोशिश रहेगी कि अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा का अगला अधिवेशन लखनऊ में अपने ही भवन में हो। इसके लिए पूरा प्रयास किया जाएगा।
सांसद जगदम्बिका पाल ने कहा कि संगठन में शक्ति निहित है और इस शक्ति का इस्तेमाल समाज व राष्ट्र की खुशहाली व तरक्की के लिए होना चाहिए। इस दौरान विधायकों में राजीव कुमार उर्फ ‘बब्बू भैया’, वीर विक्रम सिंह ‘प्रिंस’, राकेश प्रताप सिंह, माधवेंद्र प्रताप सिंह, मेघश्याम सिंह, रमेश सिंह, एमएलसी पवन सिंह चौहान और अवनीश सिंह चौहान ने भी समाज के उत्थान के लिए हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया।
निर्विरोध अध्यक्ष चुने गए कुंवर हरिवंश सिंह
सभा के दौरान सर्वसम्मति से कुंवर हरिवंश सिंह को एक बार फिर से राष्ट्रीय अध्यक्ष के पद पर निर्विरोध चुना गया। वरिष्ठ राष्ट्रीय महामंत्री के पद पर राघवेंद्र सिंह राजू, राष्ट्रीय महामंत्री के पद पर सुखबीर सिंह भदौरिया और राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष के पद पर बच्चन सिंह राणा को निर्विरोध चुना गया। कुंवर हरिवंश सिंह ने कहा कि यह संगठनात्मक पुनर्गठन समाज को नई ऊर्जा, रणनीतिक स्पष्टता और सशक्त दिशा देगा। महासभा के प्रदेश अध्यक्ष अमरेंद्र सिंह परमार ने कहा कि अधिवेशन में शिक्षा, युवा भागीदारी, सामाजिक समरसता, रोजगार तथा राष्ट्र निर्माण में क्षत्रिय समाज की भूमिका को लेकर विचार-विमर्श किया गया।