लखनऊ। पूर्वोत्तर भारत में पाए जाने वाली कई प्रजातियों के मधुमक्खियों से निकले शहद से टायफायड, पेचिश, गले के संक्रमण और दांतों के रोगों से छुटकारा मिल सकेगा। ये शोध लखनऊ विश्वविद्यालय के वनस्पति विज्ञान विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. प्रदीप कुमार ने असम एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी के कई अन्य शोधकर्ताओं के साथ मिलकर किया है। डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि शोधकर्ताओं ने बिना डंक वाली मधुमक्खी टेट्रागोन्युला इरिडिपेनिस के शहद में शोध किया गया।