मोहित का कहना है कि 26 दिसंबर की सुबह ऑफिस में मौजूद गुर्गों ने उसे देवरिया जेल जाकर अतीक अहमद से मुलाकात की धमकी दी। मोहित के साथ दोनों गुर्गे एसयूवी में सवार हो गए। उनके इशारे पर मोहित खुद गाड़ी चलाकर देवरिया जेल के गेट पर पहुंचा। अतीक का बेटा उमर अपने गुर्गों के साथ पहले से वहां मौजूद था। सभी लोग मोहित को जेल के भीतर ले गए। वहां अतीक ने उसे बेतहाशा पीटा। दोनों गुर्गे कंपनी के लेटरहेड व अन्य दस्तावेज साथ ले गए थे।
अपर पुलिस अधीक्षक नगर पूर्वी सर्वेश कुमार मिश्रा ने बताया कि मोहित जायसवाल और उसके परिवार को सुरक्षा मुहैया कराई गई है। उसके घर पर भी सशस्त्र पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है।