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होली में सावधान: बिकने के लिए तैयार मिठाई, दूध-खोवा और घी में मिली मिलावट; 21 लाख का मिष्ठान कराया गया नष्ट

Thu, 26 Feb 2026 11:48 AM IST
भूपेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

होली में खाने-पीने का सामान लेने से पहले सावधान रहिए। राजधानी में बिकने के लिए तैयार मिठाई, दूध-खोवा और घी में मिलावट मिली है। 21 लाख का मिष्ठान नष्ट कराया गया। घी की बिक्री में रोक लगा दी गई है। नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। आगे पढ़ें पूरी खबर...
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खाद्य पदार्थ को सीज करती एफएसडीए की टीम। - फोटो : विभाग
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विस्तार
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राजधानी लखनऊ में होली व ईद से पहले शहर में मिलावटखोरों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की कार्रवाई बुधवार को भी जारी रही। विभाग की टीमों ने शहर के विभिन्न क्षेत्रों से 16 खाद्य नमूने संग्रहित किए।

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सबसे बड़ी कार्रवाई ट्रांसपोर्ट नगर स्थित पराग मिल्क फूड प्रोडक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड में हुई। यहां 1,998 किलोग्राम विभिन्न प्रकार की मिठाइयों की जांच की गई। उसकी गुणवत्ता खराब मिली। इस पर करीब 21.16 लाख रुपये कीमत की इस मिठाई को नष्ट करा दिया गया। इसके अलावा यहां 3,240 लीटर डबल टोंड दूध की गुणवत्ता भी खराब मिली। इस दूध को भी मौके पर नष्ट कराया गया। यहां 15.51 क्विंटल घी की गुणवत्ता पर संदेह होने पर उसकी बिक्री पर रोक लगाई गई है।

13 क्विंटल खोवा की बिक्री रोकी गई

सहायक आयुक्त विजय प्रताप सिंह ने बताया जांच के दौरान जेहटा माल सड़क पर दो पिकअप गाड़ियों को रोककर तलाशी ली गई। गाड़ियों में खोवा लदा था जिसकी गुणवत्ता जांच में खराब मिली। इस तरह 113 किलोग्राम खोवा को तत्काल नष्ट करा दिया गया। करीब 13 क्विंटल खोवा की बिक्री को जांच रिपोर्ट आने तक रोका गया है। 

ऐशबाग में 10 कारोबारियों के यहां से करीब 12.8 क्विंटल खोवा का नमूना लेकर बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया। 49 किलो आलू चिप्स का सीजर बनाकर नमूने को प्रयोगशाला परीक्षण के लिए भेजा है। उन्होंने बताया कि रिपोर्ट मिलने के बाद खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी।

मिठाइयों की चमक के पीछे हो सकता है धोखा

मिठाइयों पर सजी चमकदार परत हमारी नजर और स्वाद दोनों को लुभा लेती है, लेकिन यही चमक सेहत पर भारी भी पड़ सकती है। दरअसल, कुछ लोग ज्यादा फायदे के लिए लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने से बाज नहीं आते। ये लोग चांदी के वर्क के नाम पर एल्युमीनियम का वर्क मिठाइयों पर लगाते हैं। खाद्य सुरक्षा से जुड़े विशेषज्ञों के अनुसार साधारण घरेलू तरीके से भी असली और नकली वर्क की पहचान की जा सकती है।

  • मसलकर करें जांच : वर्क का एक छोटा टुकड़ा लेकर दो ऊंगलियों के बीच दबाएं या मसलें। शुद्ध चांदी का वर्क आसानी से चूरा या पाउडर बन जाएगा, जबकि एल्युमीनियम का वर्क छोटे-छोटे टुकड़ों में टूटेगा।
  • जलाकर करें पुष्टि : वर्क के टुकड़े को छोटी गेंद बनाकर मोमबत्ती की लौ में जलाएं। शुद्ध चांदी का वर्क जलकर चमकदार छोटे गोले जैसी राख बनाएगा, जबकि एल्यूमीनियम का वर्क सलेटी रंग की राख में बदल जाएगा।

ये भी जान लें...

  • एल्यूमीनियम का अत्यधिक सेवन स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है।
  • अत्यधिक मोटा और ज्यादा चमकदार वर्क संदिग्ध हो सकता है।
  • हमेशा विश्वसनीय दुकानों से ही मिठाई खरीदें।
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