अपर सत्र न्यायाधीश ने सुनाया निर्णय
अभियुक्त पर 18 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
रायबरेली। पॉक्सो कोर्ट ने मिल एरिया थाना क्षेत्र से जुड़े नाबालिग के अपहरण व दुष्कर्म के एक मामले में दोषसिद्ध होने पर अभियुक्त को 10 वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 18 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। यह फैसला जिला एवं सत्र न्यायालय स्थित पॉक्सो कोर्ट संख्या तीन के अपर सत्र न्यायाधीश राकेश कुमार तिवारी ने शुक्रवार को सुनाया।
अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी करने वाले विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) लक्ष्मी शंकर श्रीवास्तव व आलोक कुमार त्रिपाठी के मुताबिक मामले की रिपोर्ट पीड़िता के पिता ने थाना मिल एरिया में दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के अनुसार 20 मार्च 2017 की सुबह छह बजे वादी की 15 वर्षीय बेटी हाईस्कूल की परीक्षा देने गई थी। वापस न आने पर ढूंढना शुरू किया तो पता चला कि रूपामऊ में मिठाई की दुकान चलाने वाला राजकुमार बंगाली उसकी पुत्री को अपहृत कर ले गया। मिलने पर पीड़िता ने बयान में दुष्कर्म करने की बात भी कही।
पुलिस ने विवेचना के बाद राजकुमार बंगाली उर्फ उज्जवल के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। अदालत ने दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्य के आधार पर अभियुक्त को कैद व अर्थदंड की सजा सुनाई। कोर्ट ने अर्थदंड जमा होने पर संपूर्ण राशि बतौर क्षतिपूर्ति पीड़िता को देने का भी आदेश दिया है।