लखनऊ। सफाई कार्य में लापरवाही पर नगर निगम ने निजी कंपनी रामकी (लखनऊ स्वच्छता अभियान)पर 5.10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। बीते एक वर्ष में कंपनी पर दो करोड़ रुपये से अधिक का जुर्माना लगाया जा चुका है, फिर भी उसकी कार्यशैली में सुधार नहीं आ रहा है।
जोन एक के सफाई निरीक्षक ने सोमवार सुबह 10 बजे अमीनाबाद, लाटूश रोड, महाराणा प्रताप चौराहा और बासमंडी इलाके में निरीक्षण किया तो जगह-जगह गंदगी और कूड़े के ढेर मिले। जगत नरायण रोड, श्रीराम रोड, नजीराबाद, नाज सिनेमा रोड और कैंट रोड पर भी यही हाल दिखा। इन इलाकों में सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी रामकी की है। कंपनी पर दो लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
शुक्रवार को भी निरीक्षण में अमीनाबाद, कैसरबाग, सिकंदरबाग और क्लार्क अवध होटल के आसपास सफाई व्यवस्था खराब मिली थी। इस पर तीन लाख रुपये का जुर्माना कंपनी पर लगाया गया था। इसी दिन विवेकानंद पुल से लेकर कपूरथला चौराहा तक हुए निरीक्षण में भी सफाई व्यवस्था खराब मिली थी। इस पर 10 हजार रुपये का जुर्माना कंपनी पर लगाया गया, लेकिन उसके काम में सुधार नहीं हुआ। सोमवार को हुए निरीक्षण में सफाई व्यवस्था फिर बदहाल मिली।
शिकायत के निस्तारण में लापरवाही पर भी कार्रवाई
आईजीआरएस पर आई शिकायत के निस्तारण में लापरवाही बरतने पर नगर निगम ने लॉयन एनवायरो कंपनी पर पांच हजार रुपये का जुर्माना लगा है। इसी तरह 25 फरवरी को अलीगंज में जनगणना निदेशालय के आसपास गंदगी मिलने पर कार्यदायी संस्था लॉयन सिक्योरिटी गार्ड सर्विसेज पर 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।