सूबे का राज्यपाल बनने के बाद पहली बार बुधवार को काशी आए राम नाईक ने कहा कि भले ही गंगा की पवित्रता के प्रति किसी के मन में संशय नहीं है, लेकिन इसमें प्रदूषण की स्थिति चिंताजनक है।
कहा कि जैसे भगीरथ ने राजा सगर के साठ हजार वंशजों को तारने के लिए गंगा को धरती पर उतारा था, उसी तरह मोदी ने इसे प्रदूषण मुक्त करने का बीड़ा उठाया है। आप इंतजार कीजिए, इसके परिणाम जल्द दिखने लगेंगे। वह अशक्त भक्तों के लिए यहां के सांसद रहे डॉ. मुरली मनोहर जोशी की निधि से भारत विकास परिषद को दी गई बैटरी कार (गोल्फ कार्ट) के चितरंजन पार्क में आयोजित उद्घाटन समारोह में बोल रहे थे।
राज्यपाल ने काशी को दुनिया के सबसे बड़े पर्यटन स्थल की संज्ञा दी। कहा कि लोग आस्था की इस अनूठी नगरी में खिंचे चले आते हैं। उन्होंने फिल्म राम तेरी गंगा मैली का जिक्र करते हुए कहा कि गंगा बहुत मैली हो गई है।
गंगा कैसे स्वच्छ होगी, यह सवाल हर किसी के मन में है लेकिन देखते रहिए, भगीरथ जैसा ही प्रयास करने का बीड़ा पीएम ने उठाया है। राज्यपाल ने बताया कि 1991 में पहली बार मैंने ही सांसद निधि बनाने का प्रस्ताव रखा था, जिसे संसद में पारित किया गया। आज उसी निधि से जनोपयोगी कार्य हो रहे हैं।