लखनऊ की बेटियों के लिए रविवार की सुबह कुछ खास थी। बेटियों के लिए ‘अपराजिता’ एक नई सुबह लेकर आई। अमर उजाला के अभियान ‘अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स’ के तहत मरीन ड्राइव पर राहगीरी का आयोजन किया गया।
एलडीए के साथ हुआ यह संयुक्त आयोजन महिला सशक्तीकरण के नाम रहा। शहर की बेटियां यहां जुटीं और जुंबा, योगा के साथ ही खुद को फिट रखने की पहल में भागीदार बनीं। इस दौरान युवतियों व महिलाओं ने अपराजिता अभियान का संकल्प पत्र भरा और खुद को आत्मनिर्भर बनाने के मकसद को चुना।
यह आयोजन सुबह 6:30 बजे से अंबेडकर पार्क के बाह्यक्षेत्र में मरीन ड्राइव पर हुआ। राहगीरी के अभियान में महिलाओं ने योगा केआसनों के बारे में जाना। सूर्य नमस्कार से लेकर प्राणायाम, वज्रासन और इनके फायदे योग गुरु से सीखे।
इसके बाद जुंबा में संगीत के साथ एक्सरसाइज कर शरीर को फुर्तीला बनाया। जुंबा कर रहे प्रशिक्षक ने बताया कि यह फिजिकल एक्टिविटी को मनोरंजक बनाकर फिट रहने में मदद करने का तरीका है। इस दौरान एलडीए के उपनिदेशक उद्यान एसपी शिशोदिया, अधीक्षण अभियंता चक्रेश जैन भी मौजूद रहे। उद्यान निदेशक ने बताया कि अगला राहगीरी आयोजन 27 जनवरी को होगा।
बताया बेटियों का महत्व
राहगीरी कार्यक्रम
- फोटो : amar ujala
सुबह की शुरुआत योगासन से और फिर मंच पर आए नुक्कड़ नाटक के कलाकार। बाल विवाह और बेटियों के प्रति भेदभाव के नतीजे क्या होते हैं, इसका संदेश नुक्कड़ नाटक के जरिए दिया श्रीकांत गौतम, जाह्नवी चौधरी, जयसी गौतम, प्रीति वर्मा और आशीष शर्मा ने।
वहीं नवयुग कन्या महाविद्यालय की एनसीसी कैडेट ने मेजर डॉ. मनमीत सोढी के नेतृत्व में गीत के जरिए बेटियों के महत्व को बताया।
हंसी का तड़का
स्टैंडअप कॉमेडियन प्रसून के मंच पर आते ही खुशनुमा सुबह में हास-परिहास का रंग घुला। प्रसून के कहानी किस्सों ने लोगों को खूब गुदगुदाया।