लखनऊ। मड़ियांव थानाक्षेत्र में ऑनलाइन गेम पबजी खेल-खेलकर अवसाद का शिकार मो. हसन (24) बृहस्पतिवार सुबह घर के बाहर लहूलुहान हालत में मिला। युवक को देखकर परिवारीजनों ने पुलिस को सूचना दी। मो. हसन को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां देर शाम उसकी हालत में सुधार आया। एडीसीपी राजेश कुमार श्रीवास्तव के अनुसार, परिजनों ने बताया कि युवक पबजी का आदी है और इसके चलते अवसादग्रस्त हो गया है। शायद उसने खुदकुशी की कोशिश की है। उसके कमरे से लोहा काटने वाली आरी का ब्लेड और खून बिखरा मिला है। युवक का मोबाइल फोन कब्जे में लेकर जांच की जा रही है। उधर, इलाकाई लोगों ने आपसी संघर्ष में युवक के घायल होने की आशंका जताई है। इंस्पेक्टर विपिन कुमार सिंह ने बताया कि अजीजनगर निवासी मो. हसन के पिता मो. हसीन सऊदी में नौकरी करते हैं। यहां वह मां नसरीन और दो बहनें मरियम व सानिया के साथ रहता है। बृहस्पतिवार सुबह वह घर के बाहर खून से लथपथ पड़ा मिला। पुलिस को उसके कमरे में खून के निशान मिले। लोहा काटने वाली आरी का एक ब्लेड भी खून से सना पाया गया। छत पर भी खून के निशान मिले हैं। परिजनों ने सिर्फ इतना बताया कि मो. हसन पबजी गेम का आदी था और अवसाद का शिकार हो गया था। परिजनों ने आशंका जताई कि इसी वजह से उसने खुदकुशी की कोशिश की। आसपास रहने वालों का कहना था कि मो. हसन पर जानलेवा हमला किया गया है। उसकी गर्दन, हाथों-पैरों और अन्य हिस्सों में ब्लेड से काटने के निशान हैं। कमरे से छत तक खून फैला था। सीढ़ियों की रेलिंग पर भी खून था। आशंका है कि कमरे में झगड़े के बाद उस पर हमला किया गया। इसके बाद उसे नीचे फेंक दिया गया। लोगों का कहना था कि जानलेवा हमले की आशंका जताने के बावजूद पुलिस ने फोरेंसिक टीम को नहीं बुलाया। एडीसीपी का कहना है कि अभी तक किसी के भी मो. हसन के साथ कमरे में होने की बात सामने नहीं आई है। उसके होश में आने के बाद पूछताछ की जाएगी।