लखनऊ में तालकटोरा क्षेत्र में बुधवार दोपहर एक प्रॉपर्टी डीलर ने अपनी दूसरी पत्नी की ठुड्डी से तमंचा सटाया और उसे गोली से उड़ा दिया। फायर की आवाज पर दौड़े पड़ोसियों को पत्नी के जीने से गिरने की जानकारी दी और पांच महीने के बेटे को रोते छोड़ गाड़ी लाने के बहाने भाग निकला।
कुछ देर बाद चालक को गाड़ी लेकर भेजा और ससुर को कॉल करके हत्या की खबर दी। डेढ़ साल पहले उसने प्रेमिका से कोर्ट मैरिज की थी और तोहफे में उसे मकान खरीदकर दिया था।
इंस्पेक्टर तालकटोरा विजयसेन सिंह ने बताया कि ठाकुरगंज के फरीदीपुर निवासी प्रॉपर्टी डीलर नरेश राठौर रोजाना की तरह बुधवार दोपहर 12:10 बजे अशोक विहार कॉलोनी में पांच माह के बेटे नैतिक के साथ रह रही दूसरी पत्नी मन्नी उर्फ मुन्नी राठौर (28) से मिलने पहुंचा।
मन्नी ने कुछ देर पहले जागे बच्चे को नरेश की गोद में दिया और खुद पानी लेने चली गई। इस बीच नरेश ने सेफ के लॉकर से तमंचा निकाला। पानी लेकर लौटी मन्नी की ठुड्डी से नाल सटाई और फायर कर दिया।
गोली गर्दन के पार हो गई। कमरे में मौजूद मन्नी की बड़ी बहन की 7 वर्षीय बेटी खुशी घबरा गई। बाहर के कमरे में किराए पर रह रही कमला और आसपास के लोग दौड़े। नरेश ने उन्हें मन्नी के जीने से गिरने की जानकारी दी और पड़ोस में रहने वाले होमगार्ड संतराम को कॉल करके बुलाया।
शादी की भनक लगने पर पहली पत्नी हुई नाराज
छानबीन करती पुलिस
- फोटो : amar ujala
खून से लथपथ मन्नी को बाइक से अस्पताल ले जाने की कोशिश की। इसके बाद दूसरे मकान से कार लाने के बहाने बाइक लेकर फरार हो गया। थोड़ी देर बाद उसने चालक को कार लेकर भेजा।
पड़ोसियों की मदद से चालक ने मन्नी को गाड़ी में लादा और एक डॉक्टर के पास ले गया। मौत की पुष्टि पर चालक ने शव घर पर पहुंचाया और गाड़ी लेकर भाग गया। इंस्पेक्टर तालकटोरा ने बताया कि नरेश राठौर की तलाश में फरीदीपुर स्थित उसके मकान पर दबिश दी गई।
वहां पत्नी व दो बच्चे मिले। पता चला कि वारदात अंजाम देने के बाद नरेश ने कपड़े बदले। खून से सने कपड़े लेकर फरार हुआ है। इतना पता चला कि मन्नी से शादी के बाद नरेश की पहली पत्नी को भनक लगी थी। इस पर वह नाराज हुई।
पड़ताल में जुटी इंस्पेक्टर विजयसेन सिंह ने बताया कि नरेश की पहली पत्नी अपने दो बेटों के साथ फरीदीपुर में रहती है। गांव रायपुर दशहरी में जमीन की खरीद-फरोख्त के दौरान नरेश की मन्नी से नजदीकी बनी।
पहली पत्नी की मौसेरी बहन होने की वजह से बेधड़क घर में आवागमन था। पांचवीं तक पढ़ी मन्नी को प्रेमजाल में फंसा लिया। अशोक विहार कॉलोनी में कौशल किशोर के मकान का आधा हिस्सा मन्नी के नाम खरीदकर उसे तोहफे के रूप में दिया।
साइकिल से पहुंचा पिता
रोता बिलखता मासूम
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नरेश से कोर्ट मैरिज करके मन्नी नए मकान में रहने लगी। आसपास के लोगों ने पुलिस को बताया कि नरेश दिन में कई बार मन्नी से मिलने आता था लेकिन रात को पहली पत्नी व बच्चों के साथ रहता था।
पत्नी को गोली मारकर भागे नरेश राठौर ने करीब एक घंटे बाद काकोरी के गांव रायपुर दशहरी निवासी अपने ससुर बंशीलाल राठौर को कॉल की। उन्हें मन्नी के जीने से गिरकर घायल होने की जानकारी दी।
सवाल करने पर बोला कि तमंचे से गोली चल जाने से मन्नी की मौत हो गई है। बेटी की मौत की खबर पर बंशीलाल साइकिल से आननफानन में उसके घर पहुंचे। आंगन में खून से लथपथ शव पड़ा था। इस बीच पड़ोसी हनीफ की सूचना पर पुलिस आ चुकी थी।
पड़ोसियों ने पुलिस को बताया कि डेढ़ साल पहले गृहप्रवेश के बाद मन्नी व नरेश ने रहना शुरू किया। मन्नी आसपास के लोगों से कोई मतलब नहीं रखती थी। घरेलू सामान नरेश ही लाता था। बच्चे की दवा या अन्य जरूरत पर भी वह नरेश के साथ ही घर से निकलती थी।
मेहमानी करने आई थी बहन की बेटी
लोगों की जमा भीड़
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उसके घर पर भी रिश्तेदारों के अलावा किसी का आवागमन नहीं था। कुछ दिनों पहले मन्नी का बड़ा भाई मनीष अपनी पत्नी मीना संग आया था। बाइक खड़ी करके अपनी ससुराल बहराइच गया था।
वहां से मंगलवार को लौटा। मन्नी के घर जलपान के बाद बाइक लेकर चला गया था। बेटी के शव के पास रो रहे बंशीलाल ने बताया कि उसकी बड़ी बेटी बबली काकोरी के मोहद्दीनपुर में ब्याही है।
स्कूल में छुट्टी पर बबली की बेटी खुशी अपनी मौसी के घर मेहमानी करने आई थी। वारदात के दौरान कमरे में मौजूद खुशी ने पति-पत्नी में कोई विवाद से इन्कार करते हुए कहा कि मौसा ने पानी लेकर आई मौसी की गर्दन से तमंचा सटाकर गोली मार दी। इससे नरेश के भी कपड़े खून से सन गए थे।