भाजपा सांसद सावित्रीबाई फुले ने कहा है कि भारत बंद के दौरान जो खूनी संघर्ष हुआ है, उसका दोषी कोर्ट में रिट दायर करने वाला है, उस पर देशद्रोह लगना चाहिए। उन्होंने मांग उठाई कि जो लोग भारत बंद के दौरान शहीद हुए हैं, सरकार उन्हें 50-50 लाख रुपये मुआवजा और और नौकरी दे।
लखनऊ के प्रेस क्लब में बुधवार को मीडिया से मुखातिब भाजपा की बहराइच सांसद सावित्रीबाई फुले ने कहा कि पहले एससी/एसटी कानून मजबूत था । लोग दलितों पर अत्याचार करते डरते थे लेकिन अब अगर सुप्रीम कोर्ट के निर्णय से दलितों पर अत्याचार बढ़ जाएगा।
सासंद ने कहा कि संविधान के साथ छेड़छाड़ किया जा रहा है, जो उचित नहीं। दलित समाज किसी भी प्रकार का कोई समझौता नहीं करेगा। इसलिए सरकार को देश हित के लिए काम करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बेकसूर लोगों को पुलिस जेल में डालकर उनका जीवन बर्बाद कर रही है। भारत बंद के दौरान पुलिस ने भी गाड़ियां तोड़ी हैं, इसलिए पुलिस के खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए।
अपनी ही सरकार को आड़े हाथों लेते हुए सावित्री बाई ने कहा कि सरकार अपराध पर अंकुश नहीं लगा पा रही है, इसीलिए अपराधियों का मनोबल बढ़ रहा है।
उन्होंने भारत बंद के दिन जिनके खिलाफ मुकदमे दर्ज किए गए हैं, उन्हें वापस लेने और दिन दो अप्रैल को बहुजन स्वाभिमान दिवस के रूप में मनाने की मांग की।