लखनऊ। पानीपत की एक्सपोर्ट कंपनी से पीपीई किट व मास्क की सप्लाई के नाम पर करीब 9.62 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले में आरोपी व कथित पत्रकार फैसल वारसी की तलाश में पुलिस टीम ने रविवार देर रात व सोमवार को कई जगह ताबड़तोड़ दबिश दी मगर उसका कोई सुराग नहीं लग सका। एसीपी गोसाईगंज का कहना है कि जल्द ही फैसल समेत अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
हरियाणा के पानीपत स्थित महादेव एक्सपोर्ट्स कंपनी को 28 मई 2020 को यूपी मेडिकल सप्लाइज कॉर्पोरेशन लिमिटेड की ओर से ई-मेल के जरिए 50 हजार पीपीई किट व 30 लाख मास्क की सप्लाई का ऑर्डर मिला। इस पर कंपनी ने माल की सप्लाई के बाद भुगतान के लिए जब कॉर्पोरेशन को बिल भेजे तो पता चला कि वहां से कोई ऑर्डर ही नहीं दिया गया था।
मामले में कॉर्पोरेशन की एमडी कंचन वर्मा ने जांच कराई। जिसके बाद कॉर्पोरेशन के जीएम ने शनिवार को सुशांत गोल्फ सिटी थाने में अज्ञात के खिलाफ धोखाधड़ी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद शनिवार रात एसीपी गोसाईंगंज की टीम ने हरियाणा पुलिस के साथ विभूतिखंड के पार्श्वनाथ प्लेनेट अपार्टमेंट में मुख्य आरोपी व कथित पत्रकार फैसल वारसी के फ्लैट पर छापा मारा, मगर वह हत्थे नहीं चढ़ा। रविवार देर रात व सोमवार को भी पुलिस ने फैसल की तलाश में उसके कई ठिकानों पर दबिश दी मगर वह हत्थे नहीं चढ़ा। एसीपी गोसाईगंज स्वाति चौधरी ने बताया कि फैसल समेत अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। जल्द ही सभी आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होंगे। वहीं, फैसल के खिलाफ दर्ज मुकदमों की जानकारी भी जुटाई जा रही है।
देवां से राजधानी तक है फैसल के परिवार का रसूख
खुद को एक चैनल का पत्रकार बताने वाला फैसल वारसी मूल रूप से बाराबंकी के देवां का रहने वाला है। उसके परिवार का देवां से लेकर राजधानी तक रसूख है। प्रदेश के कद्दावर नेताओं से लेकर आला अधिकारियों तक से फैसल के परिवारीजन राजधानी आकर मुलाकात करने के साथ ही उन्हें बाराबंकी भी बुलाते हैं। इन मौकों पर नेताओं व उच्चाधिकारियों के साथ फैसल वारसी भी फोटो खिंचवाकर अपने फेसबुक पेज पर अपलोड करता है। यही नहीं वह तमाम नेताओं व उच्चाधिकारियों से खुद को बड़े चैनल का पत्रकार बताकर मुलाकातें करता है। फिर इन सबका फायदा उठाकर वह लोगों के बीच अपना रसूख बना लेता है।