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लखनऊ: चौक में हत्या व लूट मामले 36 घंटे बाद भी पुलिस खाली हाथ, छह जिलों में डाला डेरा

Sat, 22 Feb 2020 03:32 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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लखनऊ चौक पर प्रदर्शन करते व्यापारी। - फोटो : amar ujala
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चौक में किराना व सुपारी के थोक कारोबारी व कमला पसंद के स्टॉकिस्ट रामनिवास अग्रवाल के कार्यालय में लूट, हत्या के मामले में पुलिस 36 घंटे बाद भी खाली हाथ है। खुलासे के लिए छह जिलों में नौ टीमें लगाई गई हैं। 24 सीसीटीवी फुटेज में भागते लुटेरों का रास्ता पता चला है।

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गुस्से में व्यापारी: दुकानें बंद, सड़क पर उतरे, 50 लाख मांगा मुआवजा
चौक में हुई लूट में कर्मचारी सुभाष गुप्ता की मौत के विरोध में शुक्रवार को यहियागंज उद्योग व्यापार मंडल ने दुकानें बंद कर आम सभा बुलाई। अमर नाथ मिश्रा की अध्यक्षता में हुई बैठक में सुभाष गुप्ता के परिवार के लिए 50 लाख रुपये मुआवजा मांगा गया। व्यापारियों ने दुकानें बंद कर पुलिस के खिलाफ नाराजगी जताई।

आम सभा में व्यापार मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष बनवारी लाल कंछल ने कहा कि छोटी-छोटी घटनाओं में सरकार 50 लाख रुपये मुआवजा देती है। लिहाजा पीड़ित परिवार को भी इतना मुआवजा दिया जाए। वहीं, यहियागंज उद्योग व्यापार मंडल के अध्यक्ष अमरनाथ मिश्र ने कहा कि 22 साल में पहली बार ऐसी घटना हुई है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है।
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यह क्षेत्र तीन थानों के अंतर्गत आता है, तब यह स्थिति है। व्यापारियों ने मांग की कि यहियागंज पुलिस चौकी में कम से कम 32 पुलिसकर्मी हों। चेयरमैन हरीश चंद्र अग्रवाल ने कहा कि पुलिस व्यापारियों पर दबाव डालती है कि दुकानों में सीसीटीवी लगवाए। लेकिन खुद चौराहों पर कैमरे नहीं लगवा रही है।

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आरोप : पुलिस अपराधियों को गिरफ्तार कर छोड़ देती है

महामंत्री नीरज गुप्ता ने आरोप लगाया कि पुलिस अपराधियों को गिरफ्तार कर छोड़ देती है, जिससे वे फिर वारदात करते हैं। वरिष्ठ उपाध्यक्ष धीरेंद्र अवस्थी ने कहा कि गश्त में कमी से वारदातें हो रही हैं। लखनऊ व्यापार मंडल के अध्यक्ष राजेंद्र कुमार अग्रवाल ने कहा कि घटना दोबारा न हो, इसके लिए व्यापार मंडल व प्रशासन को मिलकर रूपरेखा तय करनी होगी।

सात दिन में रकम न बरामद हो तो सरकार दे उतना ही मुआवजा
व्यापारियों ने कहा-सात दिन में रकम बरामद न हो तो सरकार मुआवजे के रूप में पीड़ित को उतनी ही राशि दे और जब रकम मिल जाए तो 18 प्रतिशत ब्याज के साथ वापस ले ली जाए। व्यापारियों ने कैबिनेट मंत्री ब्रजेश पाठक का आभार जताया कि वह सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे थे। वहीं, उपमुख्यमंत्री डॉ. दिनेश शर्मा से मांग रखी गई है कि पीड़ित परिवार को पांच-पांच लाख रुपये मुआवजा दिया जाए।
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