संवारा जा रह बादशाहनगर रेलवे स्टेशन।
लखनऊ। उत्तर, पूर्वोत्तर व उत्तर मध्य रेलवे के 84 छोटे स्टेशनों पर यात्रियों को बड़ी सुविधाएं मिलेंगी। इन स्टेशनों के पुनर्विकास पर 178 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। यह पहल चारबाग, लखनऊ जंक्शन, अयोध्या, वाराणसी, गोरखपुर, प्रयागराज जैसे बड़े स्टेशनों पर यात्रियों व ट्रेनों का भार कम करने के लिए है। इसका उद्देश्य यातायात प्रबंधन को बेहतर बनाना भी है।
उत्तर प्रदेश में उत्तर रेलवे के लखनऊ व मुरादाबाद डिवीजन शामिल हैं। पूर्वोत्तर रेलवे के वाराणसी, लखनऊ व इज्जतनगर डिवीजन भी इस योजना का हिस्सा हैं। उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज, आगरा व झांसी डिवीजन के तहत आने वाले स्टेशन भी विकसित होंगे। इन जोनों के अधीन हजार से अधिक रेलवे स्टेशन संचालित होते हैं। लखनऊ में मल्हौर, उतरेटिया, मानकनगर, आलमनगर, ट्रांसपोर्टनगर, डालीगंज, मोहिबुल्लापुर, बादशाहनगर आदि स्टेशनों को विकसित किया जा रहा है। रेलवे बोर्ड ने छोटे स्टेशनों पर यात्रियों की सुविधा बढ़ाने के लिए जोनों को निर्देशित किया है। इसके लिए बजट का भी प्रावधान किया गया है।
छोटे स्टेशनों पर मिलेंगी ये सुविधाएं
इन स्टेशनों पर यात्रियों को एस्केलेटर व लिफ्ट की सुविधा मिलेगी। ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीन और वाटर वेंडिंग मशीन भी उपलब्ध होंगी। यात्री शेड, उन्नत सुरक्षा और बैठने की व्यवस्था भी की जाएगी। ईको एयर फैन, वाटर कूलर, वाईफाई, इलेक्ट्रॉनिक डिस्प्ले बोर्ड और रैम्प जैसी सहूलियतें भी प्रदान की जाएंगी।