लखनऊ के नाका थाना में पाकिस्तानी महिला के फर्जी पते से पासपोर्ट बनवाकर भारत में रहने का मामला सामने आया है। प्रभारी निरीक्षक विश्वजीत सिंह का कहना है कि काशफा औसाफ नाम की महिला के खिलाफ न्यू गणेशगंज स्थित मंसूर मंजिल निवासी उसके जेठ गुलाम जिलानी ने प्राथमिकी दर्ज कराई है।
फर्जी पते से पासपोर्ट बनाने के मामले की जानकारी मिलते ही खुफिया एजेंसियों के कान खड़े हो गए। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि मामला संपत्ति विवाद से जुड़ा है। पुलिस और खुफिया एजेंसियां जांच कर रही हैं। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि काशफा अपनी बेटी व दामाद के साथ गोमतीनगर विस्तार स्थित ग्रीनवुड अपार्टमेंट में रहती हैं।
उनका जेठ गुलाम जिलानी से संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा है। गुलाम जिलानी का आरोप है कि काशफा मूलत: पाकिस्तानी हैं। उनका जन्म वर्ष 1693 में पाकिस्तान में हुआ था। 12 दिसंबर 1982 में गुलाम जिलानी का निकाह हुआ। निकाह में शामिल होने के लिए काशफा पाकिस्तानी पासपोर्ट पर भारत आईं और कुछ दिन बाद लौट गईं।
वर्ष 1986 में वह फिर पाकिस्तानी पासपोर्ट पर भारत आईं और मंसूर मंजिल स्थित गुलाम वारिस खां की संपत्ति पर कब्जा करने की नियत से उनसे निकाह कर लिया। फिलहाल गुलाम वारिस खां का इंतकाल हो चुका है। गुलाम जिलानी का आरोप है कि उन्होंने अपना पाकिस्तानी पासपोर्ट व अन्य दस्तावेज नष्ट कर दिए।