रायबरेली। सिविल लाइंस चौराहे से डिग्री कॉलेज आने-जाने के लिए बने ओवरब्रिज की सड़क मरम्मत के तीन दिन बाद ही उखड़ गई। इतना ही नहीं सड़क पर बड़ी-बड़ी दरारें भी पड़ गईं। इस मामले की शिकायत होने पर एनएचएआई के अफसरों ने आनन-फानन उखड़े मलबे को जेसीबी से बाहर कराया, लेकिन सड़क पर बिखरी गिट्टियां जानलेवा साबित हो रही हैं। आए दिन लोग वाहन समेत गिट्टियों पर फिसल जाते हैं। किसी दिन कोई बड़ा हादसा भी हो सकता है।
करीब 600 मीटर इस ओवरब्रिज में जगह-जगह गड्ढे होने के साथ सड़क टूट गई थी। 18 मार्च को करीब 200 मीटर में मरम्मत कराई। मरम्मत की गई सड़क तीन दिन भी नहीं चली कि उखड़ गई। अफसरों ने नाकामी छिपाने के लिए उखड़ी का मलबा हटवाया लिया, लेकिन दुबारा मरम्मत नहीं कराई। ओवरब्रिज के ऊपर फैली गिट्टियां जानलेवा साबित हो रही है। उधर, एनएचएआई के पीडी एसबी सिंह ने बताया कि मरम्मत के बाद बारिश हो गई थी। इस वजह से सडक़ उखड़ गई थी। टूटी सड़क का मलबा हटवा लिया गया है। जल्द ही फिर से मरम्मत कराई जाएगी।
इससे अच्छी तो पहले ही थी सड़क
ओवरब्रिज की सड़क की भले ही मरम्मत कराई गई, लेकिन जिस हालत में सड़क हो गई है, इससे अच्छी तो पहले थी। कम से कम लोग चोटिल तो नहीं होते थे।
अंशुमान, पटेल नगर
सड़क मरम्मत में की गई खानापूरी
सड़क की मरम्मत में खानापूरी की गई है। यही वजह है कि सड़क इतनी जल्दी उखड़ गई। सड़क पर फैली गिट्टियों से आए दिन बाइक और साइकिल सवार लोग गिर जाते हैं।
अनुभव रस्तोगी, शिवाजी नगर,
ओवरब्रिज की सड़क का हो नवीनीकरण
ओवरब्रिज की सड़क पूरी तरह से खराब है। वैसे तो पूरी सड़क नवीनीकरण करने लायक है। जिम्मेदार अधिकारियों को पूरी सड़क को दाेबारा बनवाना चाहिए।
अनुपम कुमार, अंबेडकर नगर
ब्रेक लगाने पर फिसल जाते वाहन
ओवरब्रिज से नीचे उतरते समय वाहनों की रफ्तार तेज रहती है। रोकने के चक्कर में वाहन फिसल जाते है। ब्रेक लगाने के दौरान कभी भी हादसा हो सकता है।
संजय श्रीवास्तव, तिलक नगर