जगतपुर उपकेंद्र में उपभोक्ताओं को ओटीएस की जानकारी देते अधीक्षण अभियंता।
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रायबरेली। बिजली उपभोक्ताओं ने एकमुश्त समाधान योजना (ओटीएस) में रजिस्ट्रेशन कराने में कोई रुचि नहीं दिखाई। जिले भर में 57 जगह लगे शिविर में सन्नाटा पसरा रहा। अंतिम दिन शनिवार को भी 1150 लोगों ने पंजीकरण कराया। जिन लोगों ने ओटीएस में रजिस्ट्रेशन नहीं कराया। उन बकायेदार उपभोक्ताओं के खिलाफ शिकंजा कसने की तैयारी शुरू कर दी गई है।
15 दिसंबर से ओटीएस शुरू हुई थी। इसके तहत जिलेभर के साढ़े तीन लाख उपभोक्ता लाभान्वित होने थे। अब तक महज एक लाख उपभोक्ता ओटीएस का लाभ उठा पाए हैं। सर्वर धीमा चलने और लोगों की समस्याओं का निस्तारण न होने के चलते ज्यादातर उपभोक्ता लाभ उठाने से वंचित रह गए।
अधीक्षण अभियंता अनुभव कुमार ने बताया कि योजना के तहत करीब एक लाख उपभोक्ताओं ने लाभ उठाया है। जिन लोगों ने बकाया राजस्व नहीं जमा नहीं किया। उनके कनेक्शन काटे जाएंगे।
महज दो हजार ने कराया पंजीकरण
सरेनी (रायबरेली)। विद्युत उपकेंद्र सरेनी से जुड़े नौ हजार उपभोक्ताओं में महज दो हजार उपभोक्ताओं ने ही योजना का लाभ उठाया है। उपभोक्ता रामकुमार, अरुण कुमार, बसंत सिंह ने बताया कि सर्वर धीमा चलने की वजह से रजिस्ट्रेशन कराने में समय लगा। कुछ लोग तो वापस लौट गए। अवर अभियंता देवेश कुमार ने बताया कि सर्वर की समस्या के चलते कुछ समस्याएं जरूर हुईं, लेकिन कोई वापस नहीं गया। सभी का पंजीकरण कराया गया।
पंजीकरण न कराने वालों के कटा जाएंगे कनेक्शन
सतांव (रायबरेली)। ब्लॉक क्षेत्र के 15 हजार उपभोक्ताओं में सात हजार लोगों ने पंजीकरण कराकर ओटीएस का लाभ उठाया। उपखंड अधिकारी शशांक शर्मा ने बताया कि विद्युत उपकेंद्रों दरीबा, अटौरा बुजुर्ग, पोरई व गुरुबख्शगंज में 26,400 उपभोक्ता हैं। इनमें 15 हजार लोगाें का लाभ मिलना था। इसमें सात हजार लोगों ने पंजीकरण कराया। पंजीकरण न कराने वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे जाएंगे।