बैठक करते सपा और कांग्रेस के पार्षद।
लखनऊ। सपा और कांग्रेस के विरोध के बीच मंगलवार को नगर निगम की ओर से बृहस्पतिवार को होने वाले विशेष सदन का एजेंडा जारी कर दिया गया। एजेंडा में नारी वंदन बिल पर चर्चा के अलावा अध्यक्ष की अनुमति से अन्य प्रस्ताव भी लाने की बात कही गई है। हालांकि, एजेंडा जारी होने के बाद भी सपा और कांग्रेस के पार्षदों का आक्रोश कम नहीं हुआ है और अब बृहस्पतिवार को विपक्षी पार्षद सदन के बाहर और अंदर विरोध जताएंगे।
विरोध की रणनीति बनाने के लिए मंगलवार को नगर निगम मुख्यालय स्थित पार्षद कक्ष में सपा और कांग्रेस पार्षदों की बैठक हुई, जिसमें नारी शक्ति वंदन बिल पर चर्चा के लिए विशेष सदन बुलाए जाने की निंदा की गई। पार्षदों ने कहा कि यदि विशेष सदन बुलाना है तो शहर की सफाई व्यवस्था, पेयजल, सीवर और मार्ग प्रकाश की समस्या को लेकर बुलाया जाए। कांग्रेस पार्षद दल नेता ममता चौधरी ने कहा कि जो बिल संसद का है, उसकी चर्चा नगर निगम में कैसे हो सकती है। नियमों के तहत यह गलत है। नगर निगम में तो महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण मिल ही रहा है।
सपा पार्षद दल के नेता कामरान बेग ने कहा कि वह विशेष सदन बुलाए जाने का विरोध करते हैं और इसका बहिष्कार करेंगे। बैठक में सपा पार्षद ममता रावत, आशा रावत, यावर हुसैन रेशू, सुरेंद्र वाल्मीकि, शफीकुर्रहमान चचा, देवेंद्र सिंह जीतू, मोहम्मद हलीम और कांग्रेस पार्षद मुकेश सिंह चौहान मौजूद रहे।
बैठक करते सपा और कांग्रेस के पार्षद।