अखिलेश यादव ने अब केंद्र सरकार को चुनौती देनी की तैयारी कर ली है। यूपी को केंद्र सरकार की ओर से पूरा कोयला नहीं मिलने की वजह से सूबे को लगातार बिजली की समस्या से गुजरना पड़ रहा है।
ऐसे में सूबे के शहरों में कूड़े से बिजली बनाने के लिए सरकारी-निजी सहभागिता (पीपीपी) मोड में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट लगाए जाएंगे। इसके लिए राज्य सरकार एक नीति तैयार करवा रही है, जिसे जल्दी ही कैबिनेट में लाया जाएगा।
केडी सिंह बाबू स्टेडियम में आयोजित स्वच्छ भारत इको पदयात्रा के समापन समारोह में बौद्ध धर्मगुरू ग्यालवांग द्रोक्पा की ओर से कुशीनगर और सारनाथ में सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट लगाने का प्रस्ताव रखने पर मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने यह जवाब दिया।
उन्होंने कहा, इसके लिए एक नीति बनाना जरूरी है। यूरोपीय देशों में इस दिशा में काफी काम हुआ है। जब हम उनकी पेप्सी, बर्गर और पिज्जा का उपभोग कर रहे हैं, तो अच्छी तकनीक भी उनसे लेने में परहेज नहीं करना चाहिए।