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उपभोक्ता सेवा के लिए बना मुआवजा कानून लागू न करना गंभीर मामला: श्रीकांत शर्मा

Thu, 24 Dec 2020 08:58 PM IST
पंकज श्रीवास्‍तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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मंत्री श्रीकांत शर्मा - फोटो : अमर उजाला
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राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस के मौके पर उप्र विद्युत उपभोक्ता परिषद ने समय से विद्युत उपभोक्ताओं को समय से सेवा मुहैया न कराने पर उन्हें मुआवजा दिए जाने के लिए बनाए गए कानून को अब तक लागू न करने का मुद्दा उठाया है।
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उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने बृहस्पतिवार को ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा से मिलकर उप्र विद्युत नियामक आयोग द्वारा बनाए गए मुआवजा कानून को लागू कराने की मांग की है। ऊर्जा मंत्री उपभोक्ताओं के हित को ध्यान में रखकर बनाए गए मुआवजा कानूून को अब तक लागू न करने को गंभीर मामला बताते हुए अपर मुख्य सचिव ऊर्जा को नये साल से सभी बिजली कंपनियों में कानून को लागू करने का निर्देश दिया है।

उपभोक्ता परिषद की ओर से इस संबंध में सौंपे गए ज्ञापन का संज्ञान लेते हुए उर्जा मंत्री ने कहा कि इस कानून को लागू करने के लिए पहले भी आदेश दिए जा चुके हैं, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही के चलते इस कानून को अब तक लागू न किया जाना एक गंभीर मामला है। इस वजह से उपभोक्ताओं को इस कानून का लाभ नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने कहा कि इस मामले में अब किसी भी तरह की उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। 
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उपभोक्ता परिषद द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में कहा गया है कि मुआवजा कानून बनने के बाद भी उसे ऑनलाइन लागू करने के लिए बिजली कम्पनियों द्वारा अब तक कोई सॉफ्टवेयर बनाया गया है, जो आयोग के आदेश का उल्लंघन है। उन्होंने बताया कि विद्युत वितरण संहिता-2005 में प्रावधान किया गया है कि उपभोक्ताओं को समय से विद्युत सेवाएं उपलब्ध न होने पर मुआवजा देने के लिए शासन द्वारा स्टैन्डर्ड आफ  परफार्मेंस रेगुलेशन-2019 से संबंधित अधिसूचना जारी की गई थी। जिसमें बिजली कंपनियों को अपनी-अपनी वेबसाइट पर छह महीने के भीतर फ्रेमवर्क विकसित करना था और श्रेणी-1 के सभी शहरों में 9 माह के अंदर अपना शिकायत केंद्र चालू करना था। लेकिन बिजली कम्पनियो की उदासीनता के चलते अभी तक यह व्यवस्था लागू नहीं हो पाया है।
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