लखनऊ। बेटी की शादी का विरोध करने पर युवती की मां की गला रेतकर हत्या करने के आरोपी अभय प्रताप सिंह को दोषी ठहराकर आजीवन कारावास और दस हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई गई है। कोर्ट में अभियोजन की ओर से बताया गया कि शिकायतकर्ता वीरेंद्र सिंह ने गुडंबा थाने में आठ जून 2019 को एफआईआर दर्ज कराई थी।
उनका कहना था कि वह बाराबंकी गए थे तो सूचना मिली कि पत्नी किरन की तबीयत खराब है। घर पहुंचे तो पता चला कि किरण की गला काटकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस को विवेचना में पता चला कि आरोपी अभय प्रताप सिंह का वीरेंद्र के घर आना-जाना था। वह उनकी बेटी से विवाह करना चाहता था, लेकिन किरन इसके खिलाफ थी। इस पर वह उनसे रंजिश रखता था। घटना वाले दिन वीरेंद्र के शहर से बाहर होने की जानकारी मिलने पर अभय उनके बेटे को फिल्म दिखाने के लिए ले गया। हालांकि, वह उसे हॉल में ही छोड़ आया और वीरेंद्र के घर आकर किरन की हत्या कर दी।