बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी ने बांदा जेल में खुद की जान को खतरा बताया है। बाराबंकी में फर्जी एंबुलेंस प्रकरण के मामले में मुख्तार की सोमवार को वर्चुवल पेशी हुई तो उसने आरोप लगाते हुए कहा कि उसकी जेल में हत्या करने की साजिश रची जा रही है। इसके एवज में पांच करोड़ तक की सुपारी देने का प्लान बनाया गया है। मुख्तार अंसारी ने मामले में कोर्ट से दखल देते हुए सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। वहीं पेशी की अगली तिथि 27 अगस्त तय की गई है।
बता दें कि निजी एंबुलेंस प्रयोग के लिए बसपा विधायक मुख्तार अंसारी ने 2013 में अपने गुर्गों के जरिए फर्जी प्रपत्र के जरिए एंबुलेंस पंजीकृत कराई थी। पंजाब में प्रयोग के दौरान एंबुलेंस प्रकाश में आई तो जांच के बाद बीते दो अप्रैल को कोतवाली नगर में मऊ की एक हास्पिटल संचालिका डा. अलका राय पर जालसाजी का मुकदमा दर्ज कराया गया। विवेचना के दौरान मुख्तार अंसारी सहित अलका राय के सहयोगी डा. शेष नाथ राय, विधायक प्रतिनिधि मो. सैयद मुजाहिद, मो. जाफरी उर्फ शाहिद, राजनाथ यादव, आनंद यादव, एंबुलेंस चालक सलीम, सुरेंद्र शर्मा व साथ में चलने वाले अफरोज खान आदि नाम सामने आया था। इसमें नौ लोग जेल भी जा चुके है।
इसी मामले में सोमवार को मुख्तार अंसारी की वर्चुवल पेशी हुई। मुख्तार के अधिवक्ता रणधीर सिंह सुमन ने बताया कि मुख्तार ने कोर्ट को बताया है कि वह लगभग 16 वर्ष से कारागार में निरूद्ध है और इस समय जिला कारागार बांदा में निरूद्ध है। कुछ समय से जेल के अन्दर जेल रजिस्टर में बगैर एंट्री कर पुलिस अधिकारी तथा संदिग्ध व्यक्ति सीसीटीवी कैमरों का मुंह मोड़कर अन्दर आते हैं और कुछ अपराधियों के साथ मिली भगत करके प्रार्थी की हत्या कराना चाह रहे है।
आरोप है कि कुछ कैदियों को यह भी लालच दिया गया है कि मुख्तार की हत्या कर दोगे तो पांच करोड़ रूपये तुम्हारे परिजनों को भेज दिये जायेंगे तथा तुम्हारे सारे मुकदमें समाप्त कराकर रिहा करा दिया जायेगा। ऐसी स्थिति में प्रार्थी की कभी भी हत्या हो सकती है। मुख्तार ने अदालत से प्रार्थना करते हुए कहा है कि जिला कारागार बांदा की गेट बुक व सीसीटीवी फुटेज को तलब कर बेहतर सुरक्षा व्यवस्था करने का आदेश पारित किया जाए। इस मामले में पेशी की अगली तिथि 27 अगस्त तय की गई है।