‘मोबाइल फोन, वेस्टर्न कल्चर का प्रभाव और महिलाओं के भड़काऊ कपड़े, उत्तर प्रदेश में रेप के केस बढ़ने के लिए ये कुछ प्रमुख वजहें हैं।
ऐसा हमारा नहीं उत्तर प्रदेश की पुलिस का मानना है। हैरत की बात है कि इन जिम्मेदारों ने ये बात ऐसे ही चलताऊ तौर पर नहीं कही है बल्कि ये आरटीआई के तहत पूछे गए सवाल का जवाब है।
आरटीआई एक्टिविस्ट लोकेश खुराना ने आरटीआई के तहत ये जानकारी राजधानी के डीजीपी ऑफिस से मांगी थी।
इसमें उन्होंने राज्य के हर जिले में होने वाले दुष्कर्मों की संख्या, एडमिनिस्ट्रेशन की तरफ से इन्हें रोकने के उपाय, कितने लोगों की गिरफ्तारी हुई और इन घटनाओं के पीछे वजह क्या हैं, इन सब पर जानकारी चाही थी।
ज्यादातर पुलिस स्टेशनों की तरफ से जो जवाब मिले वो गैरजिम्मेदाराना और चौंका देने वाले हैं। इन जवाबों में रेप को समाजिक समस्या और बदलते समाजिक परिवेश का नतीजा बताया गया।