लखनऊ। केजीएमयू के यूरोलॉजी विभाग में करोड़ों रुपये के दवा घोटाले की जांच में अब नए खुलासे हो रहे है। विभाग में बंद अलमारियों को खोलने का सिलसिला जारी है। अलमारी में अब तक करीब 115 मरीजों के नाम पर जारी दवाएं मिल चुकी हैं। संस्थान इन दवाओं की कीमत तीन लाख से अधिक होने का दावा कर रहा है। वहीं, जांच समिति का कहना है कि अभी दो से तीन और अलमारियां बंद हैं, जिनमें अहम दस्तावेज और मरीजों की दवाएं मिल सकती हैं। समिति ने इन अलमारियों की चाबियां विभाग से मांगी हैं। सोमवार को इन्हें भी खोला जाएगा।
केजीएमयू के प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि बरामद दवाओं के उपयोग, उन्हें अलमारियों में रखने का कारण और संबंधित मरीजों के रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। हर दवा का मरीजों के रिकॉर्ड से मिलान कर सूची तैयार की जा रही है, ताकि जांच पूरी होने के बाद जरूरतमंद मरीजों को उनका लाभ दिलाया जा सके। उन्होंने बताया कि जांच समिति को अभी तक दवाओं से संबंधित पूरा रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हो सका है। कमेटी अपनी विस्तृत रिपोर्ट 6 जुलाई को सौंपेगी।