बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा है कि बसपा सांप्रदायिक शक्तियों को कमजोर करने के प्रयास में लगी है।
पार्टी की जिन भी राज्यों में जो भी ताकत थी उसका इस्तेमाल सांप्रदायिक शक्तियों को कमजोर करने में लगाया गया। इसे जनता का हर स्तर पर समर्थन मिल रहा है।
बसपा अध्यक्ष ने पार्टी के राज्यसभा व विधान परिषद प्रत्याशियों की प्रथम वरीयता के मतों से जीत को ऐतिहासिक बताया।
उन्होंने उन सभी विधायकों को बधाई दी है, जिन्होंने बसपा प्रत्याशियों को वोट किया। उन्होंने कहा कि जनता की नब्ज को समझते हुए विधायकों ने बसपा को बढ़-चढ़ कर वोट किया है।
मायावती ने कहा कि राज्यसभा के चुनाव में सपा और भाजपा के कारण बाहरी गैर-राजनीतिक व्यक्ति का प्रवेश हुआ और जीत के लिए धनबल के सहारे काफी नाटकबाजी करने की कोशिश की गई। लेकिन धनबल की हार हुई और भाजपा समर्थित गुजरात से आयी उम्मीदवार को हार का सामना करना पड़ा।